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अब जूनियर को ड्रिंक पार्टी में नहीं बुला सकेंगे सीनियर्स, वरना भुगतना पड़ेगा खामियाजा

जापान की सरकार 2020 से नया कानून ला रही है नए कानून का मकसद जूनियर कर्मचारियों को शोषण से बचाना हैं

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Party

नई दिल्ली। जापान सरकार अगले साल (2020 से) नया कानून को लाने जा रही है। इस नए कानून के मुताबिक अगर कोई सीनियर अधिकारी अपने किसी जूनियर कर्मचारी को काम के बाद पार्टी करने के लिए बुलाएगा तो इसे उसका शोषण माना जा सकता है।

दरअसल जापान में अपने ऑफिस सहकर्मियों के साथ पार्टी का उद्देश्य एक-दूसरे को बेहतर तरीके से जानना-समझना होता है, ताकि काम के माहौल को बेहतर बनाया जा सकें। लेकिन इस बीच कई मर्तबा शराब न पीने या कम पीने वाले कर्मचारी खुद को शोषित महसूस करते हैं।

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ऐसे में बॉस को मना करने पर अक्सर उन्हें अपनी नौकरी जाने का भी डर सता रहा होता हैं। कई बार इनक्रीमेंट ने मिलने की भी चिंता रहती है। असल में जापान एक ऐसा देश है जहां वर्क प्लेस पर अुनशासन को बेहद अहम समझा जाता है।

बॉस की हर एक बात के लिए हामी भरना कर्मचारी का कर्तव्य माना जाता है। इसलिए बॉस अगर काम के बाद पार्टी के लिए बुलाए तो कई कर्मचारियों को न चाहते हुए भी इसमें शामिल होना पड़ता है। ऐसे में सरकार ने इस समस्या को बेहद गंभीरता से लिया है।

भले ही ये कानून देश में साल 2020से शुरू होने जा रहा हो लेकिन इसका असर अभी से दिखने लगा है। यहीं वजह है कि ऑफिस पार्टियों में करीब 40% तक की गिरावट आई है। कंपनी के अधिकारी ने बताया पहले ऑफिस के बाद पार्टियां करना पहले बहुत आसान था।

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लेकिन अब आने जा रहे नए कानून के डर से सीनियर थोड़े चौकन्ने हो गए हैं। एक तरह से यहां अब ड्रिंकिंग पार्टी को हरासमेंट के तौर पर देखा जाता है। जिस अधिकारी पर ऐसी हरकत करने के आरोप लगते हैं, उसके करियर ग्रोथ में रूकावट भी आ सकती है।