20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

भारत के इस गांव को प्राप्त है भोलेनाथ का आशीर्वाद, कदम रखते ही दूर हो जाएगी गरीबी

उत्तराखंड के बदरीनाथ से 4 किलोमीटर की दूरी पर 'माणा' गांव स्थित है। यह भारत का आखिरी गांव है।

less than 1 minute read
Google source verification

image

Vinay Saxena

Dec 27, 2018

wow

भारत के इस गांव को प्राप्त है भोलेनाथ का आशीर्वाद, कदम रखते ही दूर हो जाएगी गरीबी

नई दिल्ली: क्या आपको पता है भारत का आखिरी गांव कहां है और इसकी क्या खासियत है। अगर नहीं तो आज हम आपको इस चमत्कारिक गांव से जुड़ी कुछ खास बातें बताने जा रहे हैं। बता दें, इस गांव को लेकर मान्यता है कि यहां कदम रखने से गरीबी से हमेशा के लिए पीछा छूट जाएगा।

गांव को प्राप्त है भोलेनाथ का आशीर्वाद

उत्तराखंड के बदरीनाथ से 4 किलोमीटर की दूरी पर 'माणा' गांव स्थित है। यह भारत का आखिरी गांव है।
गांव का पौराणिक नाम 'मणिभद्र' है। कहा जाता है कि इसे भोलेनाथ का आशीर्वाद प्राप्त है। मान्यता है कि जो भी यहां आएगा, उसे सभी कर्जों और गरीबी से छुटकारा मिल जाएगा। टूरिस्ट यहां अलकनंदा और सरस्वती नदी का संगम देखने भी आते हैं। इसके अलावा गणेश गुफा, व्यास गुफा और भीमपुल भी यहां टूरिस्ट के बीच आकर्षण का केंद्र है।

यहीं से होते हुए पांडव गए थे स्वर्ग

यहां सरस्वती नदी पर 'भीम पुल' है। इसके बारे में कहानी प्रचलित है कि जब पांडव स्वर्ग जा रहे थे, तब उन्होंने सरस्वती नदी से आगे जाने के लिए रास्ता मांगा था, लेकिन जब सरस्वती नदी ने मना कर दिया तो भीम ने दो बड़ी शिलायें उठाकर इसके ऊपर रख दीं, जिससे पुल का निर्माण हुआ। कहते हैं कि इस पुल से होते हुए पांडव स्वर्ग चले गए। आज भी पुल मौजूद है।