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ईरान ने कुवैत पर किया हमला, तेल रिफाइनरी को बनाया निशाना, आग और धुएं से घिरा इलाका

Iran attacks Kuwait: ईरान ने कुवैत की मीना अल-अहमदी रिफाइनरी पर ड्रोन से हमला किया है। इस हमले में रिफाइनरी की कई यूनिट्स में आग लग गई जिसके बाद से इमरजेंसी टीम आग बुझाने में जुटी है।

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भारत

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Himadri Joshi

Apr 03, 2026

Iran attacks Kuwait

कुवैत की तेल रिफाइनरी पर ईरान का हमला (फोटो- Mario Nawfal एक्स पोस्ट)

Iran attacks Kuwait: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव रुकने का नाम नहीं ले रहा है। अमेरिका और इजरायल जहां लगातार ईरान पर हमले कर रहे है वहीं ईरान भी जवाबी कार्रवाई से पीछे हटने को तैयार नहीं है। इसी कड़ी में अब शुक्रवार को ईरान द्वारा कुवैत की एक प्रमुख ऑयल रिफाइनरी पर ड्रोन अटैक की खबर सामने आई, जिसने पूरे क्षेत्र में हलचल मचा दी। कुवैत की राष्ट्रीय तेल कंपनी कुवैत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन (KPC) के अनुसार मीना अल-अहमदी रिफाइनरी को सुबह के समय ड्रोन अटैक का निशाना बनाया गया। इस हमले के बाद रिफाइनरी की कई ऑपरेशनल यूनिट्स में आग लग गई। इस घटना के कई वीडियो भी सामने आए है जो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे है।

इंटरनेशनल ऑयल सप्लाई चेन पर पड़ सकता है प्रभाव

सरकारी न्यूज एजेंसी के मुताबिक हमले के बाद फायर ब्रिगेड और इमरजेंसी रिस्पांस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू कर दिए गए। अधिकारियों ने बताया कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सभी जरूरी सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं। यह रिफाइनरी कुवैत के सबसे बड़े तेल प्रोसेसिंग केंद्रों में से एक मानी जाती है, जिसकी क्षमता करीब 3.46 लाख बैरल प्रतिदिन है। इस तरह के हमले से न केवल स्थानीय उत्पादन प्रभावित हो सकता है, बल्कि इंटरनेशनल ऑयल सप्लाई चेन पर भी असर पड़ सकता है।

किसी के घायल होने की कोई खबर नहीं

अधिकारियों के मुताबिक इस हमले में किसी के घायल होने की खबर नहीं है, जो राहत की बात मानी जा रही है। कुवैत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन (KPC) ने बताया कि सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए सभी कर्मचारियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया। साथ ही, पब्लिक एनवायरनमेंट अथॉरिटी (EPA) के साथ मिलकर एयर क्वालिटी की लगातार निगरानी की जा रही है। शुरुआती रिपोर्ट्स में कहा गया है कि अभी तक आसपास के पर्यावरण पर कोई नकारात्मक प्रभाव दर्ज नहीं किया गया है।

पांच हफ्तों में यह तीसरा हमला

पिछले पांच हफ्तों में तीसरी बार है जब मिना अल-अहमदी रिफाइनरी को ड्रोन से निशाना बनाया गया है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इससे पहले भी ईरान से जुड़े ड्रोन हमलों में इस रिफाइनरी को टारगेट किया गया था। विशेषज्ञों का मानना है कि बार-बार हो रहे इन हमलों से मिडिल ईस्ट में ऊर्जा सुरक्षा और ग्लोबल ऑयल सप्लाई पर असर पड़ सकता है। हालांकि अभी तक उत्पादन पर किसी बड़े व्यवधान की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।