
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो (Image: IANS)
Iran Missile Threat: ईरान के बढ़ते हथियार और मिसाइल कार्यक्रम को लेकर अमेरिका ने एक बार फिर वैश्विक स्तर पर चिंता जताई है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने चेतावनी दी है कि ईरान ऐसी मिसाइल क्षमताएं विकसित कर रहा है, जो यूरोप के अंदर तक पहुंच सकती हैं।
फॉक्स न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में रूबियो ने कहा कि हालिया मिसाइल परीक्षणों ने ईरान की उन क्षमताओं को उजागर किया है, जिन्हें वह पहले नकारता रहा है। उन्होंने दावा किया कि यह केवल क्षेत्रीय खतरा नहीं है, बल्कि इसका असर वैश्विक सुरक्षा पर पड़ सकता है।
रूबियो के मुताबिक, ईरान की मिसाइल क्षमताएं उसकी सैन्य पहुंच को तेजी से बढ़ाने की रणनीति का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि ईरान लंबी दूरी की ऐसी प्रणालियों पर काम कर रहा है, जो भविष्य में संयुक्त राज्य अमेरिका तक भी पहुंच सकती हैं।
उन्होंने यह भी संकेत दिया कि ईरान की मौजूदा रणनीति सिर्फ मध्य पूर्व तक सीमित नहीं है, बल्कि उसका लक्ष्य अपनी सैन्य ताकत को अंतरराष्ट्रीय स्तर तक फैलाना है।
अमेरिकी विदेश मंत्री ने ईरान के मिसाइल कार्यक्रम को उसके परमाणु कार्यक्रम से जोड़ते हुए कहा कि दोनों मुद्दों को अलग-अलग नहीं देखा जा सकता। रूबियो के अनुसार, ईरान ने 60 प्रतिशत तक यूरेनियम संवर्धित कर लिया है और उसके पास इसे जल्द ही हथियार-स्तर (90 प्रतिशत) तक पहुंचाने की क्षमता मौजूद है। उन्होंने कहा कि इतने उच्च स्तर तक संवर्धन का उद्देश्य केवल ऊर्जा उत्पादन नहीं, बल्कि संभावित रूप से परमाणु हथियार विकसित करना हो सकता है।
रूबियो ने बताया कि अमेरिका ईरान के खिलाफ एक समन्वित सैन्य अभियान चला रहा है, जिसका उद्देश्य उसकी सैन्य क्षमताओं को कमजोर करना है।
इस अभियान के तहत ईरान की वायु और नौसेना ताकत को निशाना बनाना, मिसाइल लॉन्च सिस्टम को निष्क्रिय करना और ड्रोन व मिसाइल निर्माण से जुड़े ठिकानों को खत्म करना शामिल है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी सेना अपने लक्ष्यों को हासिल करने के करीब है और अभियान तय समय से आगे बढ़ रहा है।
सैन्य कार्रवाई के बीच भी अमेरिका ने कूटनीतिक विकल्पों को पूरी तरह बंद नहीं किया है। रूबियो ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बातचीत को प्राथमिकता देते हैं और दोनों देशों के बीच संदेशों का आदान-प्रदान जारी है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि बातचीत के चलते सैन्य लक्ष्यों में कोई देरी नहीं की जाएगी।
रूबियो ने चेतावनी दी कि अगर ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही बाधित करता है, तो यह अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन होगा। उन्होंने कहा कि ऐसा कदम वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा आपूर्ति पर गंभीर असर डाल सकता है, क्योंकि दुनिया का बड़ा हिस्सा इसी मार्ग पर निर्भर है।
Updated on:
01 Apr 2026 11:02 pm
Published on:
01 Apr 2026 11:02 pm
