
ईरान प्रदर्शन (Videoscreenshot)
ईरान में जनता का गुस्सा अब उबाल पर है। देशभर में जारी विरोध प्रदर्शन तेजी से बड़े जनविद्रोह का रूप ले रहे हैं। सोशल मीडिया पर सामने आए कई वायरल वीडियो इस बात की गवाही दे रहे हैं कि ईरान की राजधानी तेहरान समेत कई प्रमुख शहरों में लाखों लोग सड़कों पर उतर आए हैं। इसे ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की सरकार के खिलाफ पिछले कई दशकों का सबसे बड़ा जन आंदोलन माना जा रहा है।
प्रदर्शनकारियों को खुलकर खामेनेई की सत्ता उखाड़ फेंकने और ईरान के दिवंगत शाह के बेटे रेजा पहलवी को देश की सत्ता सौंपने की मांग करते हुए सुना जा सकता है। इस आंदोलन की सबसे खास बात यह है कि इसमें हर उम्र, हर वर्ग और हर तबके के लोग शामिल हैं युवाओं से लेकर बुजुर्गों तक।
सरकार जब विरोध प्रदर्शनों को दबाने की कोशिशें तेज कर रही है, तभी एक बुजुर्ग महिला का वीडियो पूरी दुनिया में वायरल हो गया है। वीडियो में महिला के मुंह से खून बह रहा है, लेकिन उसके हौसले अडिग हैं। वह तेहरान की सड़कों पर मार्च करते हुए चिल्लाती है “मैं डरती नहीं हूं… मैं पिछले 47 सालों से मरी हुई हूं।”
गुरुवार शाम ईरान के कई शहरों में हिंसक प्रदर्शन हुए, हालांकि राजधानी तेहरान और मशहद में विरोध अपेक्षाकृत शांतिपूर्ण रहा। दरअसल, निर्वासन में रह रहे क्राउन प्रिंस रेजा पहलवी ने तेहरान के नागरिकों से रात 8 बजे घरों से बाहर निकलकर विरोध दर्ज कराने की अपील की थी। जैसे ही घड़ी ने 8 बजाए, तेहरान की सड़कें लोगों के सैलाब से भर गईं। वायरल वीडियो में दूर-दूर तक सिर्फ प्रदर्शनकारी ही नजर आते हैं।
ईरान के मध्य प्रांत इस्फ़हान में विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गए। आक्रोशित भीड़ ने इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान ब्रॉडकास्टिंग (IRIB) के भवन को आग के हवाले कर दिया। कई गाड़ियों को भी जलाया गया। वायरल वीडियो में प्रदर्शनकारी “तानाशाह मुर्दाबाद” के नारे लगाते दिखाई दे रहे हैं। कुछ प्रदर्शनकारियों ने तो यहां तक दावा किया कि उन्होंने शहर पर नियंत्रण हासिल कर लिया है।
शुरुआत में यह आंदोलन महंगाई और आर्थिक बदहाली के खिलाफ था, लेकिन अब यह कहीं ज्यादा बड़ा और गहरा हो चुका है। यह विरोध अब सिर्फ नीतियों के खिलाफ नहीं, बल्कि पूरे इस्लामी शासन और खामेनेई की सत्ता को चुनौती देने वाला जन आंदोलन बन गया है।
Published on:
09 Jan 2026 01:54 pm
बड़ी खबरें
View Allविदेश
ट्रेंडिंग
