Russia-Ukraine War: रूस और यूक्रेन के बीच पिछले एक साल से ज़्यादा समय से युद्ध चल रहा है। इतने लंबे समय से चल रहे युद्ध के बावजूद यूक्रेन में तबाही मचाने के अलावा रूस को कुछ बड़ी कामयाबी नहीं मिली है। पर इसके बावजूद रूस इस युद्ध के लिए पूरा जोर लगा रहा है।
रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध (Russia-Ukraine War) के बारे में शायद ही किसी ने सोचा होगा कि यह कुछ दिन से ज़्यादा चलेगा। पर 24 फरवरी, 2022 को शुरू हुए इस युद्ध को चलते एक साल से भी ज़्यादा समय बीत चुका है। करीब 15 महीने से चल रहे इस युद्ध की वजह से अब तक यूक्रेन में भीषण तबाही के साथ जान-माल का भी भारी नुकसान हुआ है। पर रुसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) की यूक्रेन पर कब्ज़ा करने के इरादे से शुरू हुए इस युद्ध में अभी तक पुतिन को अपने लक्ष्य की प्राप्ति नहीं हुई है। साथ ही रुसी आर्मी के सैनिक भी बड़ी संख्या में इस युद्ध में अपनी जान गंवा चुके हैं। रुसी आर्मी को यूक्रेन के कई शहरों से खदेड़ा जा चुका है। पर इसके बावजूद रूस इस युद्ध में पूरा जोर लगा रहा है।
नए सैनिकों की भर्ती के लिए 8 गुना तक ज़्यादा वेतन का ऑफर
यूक्रेन के खिलाफ एक साल से ज़्यादा समय से चल रही जंग में रुसी आर्मी को अब तक काफी नुकसान हो चुका है। साथ ही इतने लंबे समय से जंग लड़ रहे सैनिकों का मनोबल भी काफी गिर गया है। ऐसे में यूक्रेन के खिलाफ चल रहे इस युद्ध के लिए रुसी आर्मी में नए सैनिकों की भर्ती की जा रही है। और इसके लिए उन्हें बेहतरीन वेतन का ऑफर दिया जा रहा है। यह वेतन बेस वेतन से 8 गुना तक ज़्यादा है।
कितना बढ़ा वेतन?
रिपोर्ट के अनुसार पिछले साल फरवरी में युद्ध शुरू होने से पहले रूस में सैनिकों का मासिक वेतन करीब 63,000 रूबल (भारतीय करेंसी में करीब 67,128 रुपये) था। अब यह बढ़कर 3 लाख से 4 लाख 50 हज़ार रूबल तक (भारतीय करेंसी में करीब 3,19,657.रुपये से लेकर 4,79,527 रुपये तक) हो गया है। इतना पैसा उन सभी सैनिकों को ऑफर किया जा रहा है जो यूक्रेन के खिलाफ युद्ध में शामिल होने के लिए रुसी आर्मी का हिस्सा बंनने के लिए तैयार हैं।
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