इस मंदिर का निर्माण दो मार्च, 1987 को बोदला क्षेत्र के लक्ष्मीनारायण शर्मा की पुत्रवधु चन्द्रकांता शर्मा और पुत्र राजेन्द्र शर्मा द्वारा कराया गया था। 11 वर्ष पूर्व इस मंदिर का जीर्णोद्धार कार्य हुआ। मंदिर को भव्यता प्रदान की गई। मंदिर हनुमान बाबा का है, इसके लिए यहां पर हनुमान बाबा की चार फीट की ऊंची मूर्ति है। इसके अलावा मंदिर में शिव परिवार, प्रभु श्रीराम, मां जानकी, दुर्गे मां, राधा कृष्ण और शनिदेव की मूर्तियां स्थापित हैं।