28 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आवास विकास परिषद की कार्रवाई: ट्रांस यमुना योजना में अवैध निर्माणों पर चला सीलिंग अभियान

Agra News: ट्रांस यमुना योजना क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ आवास एवं विकास परिषद ने सख्त कार्रवाई करते हुए कई भवनों को सील किया गया।

2 min read
Google source verification

आगरा

image

Mohd Danish

Apr 28, 2026

Action Housing Development Council Agra

आवास विकास परिषद की कार्रवाई..

Action Housing Development Council: ट्रांस यमुना योजना क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद ने मंगलवार को सख्त रुख अपनाते हुए व्यापक सीलिंग अभियान चलाया। कार्रवाई परिषद के अधीक्षण अभियंता अतुल कुमार सिंह के निर्देश पर अधिशासी अभियंता अनिल कुमार की अगुवाई में प्रवर्तन टीम ने की।

अभियान के दौरान उन भवनों को निशाने पर लिया गया, जहां आवासीय भूखंडों का इस्तेमाल नियमों के विपरीत व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा था। प्रवर्तन दल अधिकारी कर्नल जी.एम. खान के मुताबिक कई स्थानों पर बिना अनुमति बहुमंजिला व्यावसायिक निर्माण चल रहा था, जिन्हें मौके पर ही सील कर दिया गया।

कार्रवाई में एक प्रमुख मामला उस संपत्ति का सामने आया, जहां आवासीय जमीन पर बहुमंजिला कॉमर्शियल बिल्डिंग खड़ी की जा रही थी। यहां तक कि भवन को बैंक और मॉल के लिए किराए पर देने के विज्ञापन भी लगाए गए थे। टीम ने तत्काल इसे सील कर दिया।

इसी तरह A-368 नंबर की संपत्ति पर भी नियमों की अनदेखी करते हुए कई दुकानों और बड़े हॉल का निर्माण कराया जा रहा था। इसे भी सीलिंग की कार्रवाई में शामिल किया गया।
एक अन्य मामले में B-86 स्थित भवन में ‘इशिता डायग्नोस्टिक सेंटर’ संचालित पाया गया। अधूरे निर्माण में मरीजों का इलाज किए जाने पर अधिकारियों ने सख्ती दिखाई और संचालक को दो दिन का समय दिया है। निर्धारित समय के बाद भवन सील कर दिया जाएगा।

इसके अलावा D-7, D-8, Com-17, Com-18 और D-9 समेत पांच प्लॉटों को मिलाकर एक बड़ा व्यावसायिक परिसर तैयार किया जा रहा था। इनमें आवासीय और व्यावसायिक दोनों श्रेणियों की जमीन शामिल थी। परिषद की टीम ने इन सभी संपत्तियों को भी सील कर दिया।
अधीक्षण अभियंता अतुल कुमार सिंह ने बताया कि संबंधित भू-स्वामियों को पहले ही कई बार नोटिस दिए जा चुके थे, लेकिन नियमों की लगातार अनदेखी की गई। उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायालय के हालिया निर्देशों के बाद परिषद अब ऐसे मामलों में किसी तरह की ढील नहीं दे रही है।

परिषद ने आम लोगों से अपील की है कि वे भवन निर्माण करते समय तय नियमों का पालन करें और नोटिसों को नजरअंदाज न करें। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। कार्रवाई के दौरान परिषद के सहायक अभियंता वैभव समेत अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद रहे।