
jila panchayat adhyaksh kushal yadav
आगरा। सूबे में आदित्यनाथ योगी की सरकार बनने के बाद से जिला पंचायत अध्यक्षों के पदों पर भाजपा ने अपनी नजरें गढ़ा रखी थीं। फिरोजाबाद में सपा जिला पंचायत अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पास होने के बाद आगरा में बीते दिनों अविश्वास प्रस्ताव का पत्र प्रभारी जिलाधिकारी रविंद्र कुमार को सौंपा गया। सपा जिला पंचायत अध्यक्ष को अपनी पार्टी के नेताओं से ही दो दो हाथ करने पड़ रहे हैं। अब तख्ता पलट की तैयारी में जुटी भाजपा ने सपा के बागी हुए नेताओं का दामन थाम लिया है, तो पार्टी हाईकमान इस पर पूरी नजर रखे हुए हैं।
एक एक नेता का ब्यौरा पहुंचा
भगवा खेमा जिला पंचायत अध्यक्ष पर अपना परचम बुलंद करने के लिए सभी पैतरे अपना रहा है। हालांकि इस बार तख्ता पलट में भाजपा के बड़े सियारतदार नेताओं की दूरी संकेत दे रही है, कि पार्टी हाईकमान से कोई भी नाराजगी मोल लेना नहीं चाहता है। अखिलेश यादव के चहेते जिला पंचायत अध्यक्ष ने अपनी कुर्सी बचाने के लिए उपमुख्यमंत्री के साथ लंबी मीटिंग की थी। इसके कई महीने बाद सपा के बागी हुए नेताओं ने तख्ता पलट की तैयारी की। इससे स्पष्ट होता है कि हाईकमान कोई भी रिस्क लेने के मूड में नहीं है। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों ने जानकारी दी कि राजधानी में सभी नेताओं का ब्यौरा मांगा गया है, जो पहुंचाया गया है।
बहुमत के लिए बेलने होंगे पापड़
प्रभारी जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ को 32 जिला पंचायत सदस्यों के हस्ताक्षर किए हुए अविश्वास प्रस्ताव के शपथ पत्र सौंपे गए हैं। इनमें कई महिला जिला पंचायत सदस्य हैं। सपा के जिला पंचायत अध्यक्ष कुशल यादव के प्रतिनिधि और उनके पति राजपाल यादव ने बताया कि उनके पास पूर्ण बहुमत है। वहीं सूत्रों ने बताया कि कई सदस्य ऐसे हैं, जो दोनों तरफ से मोटी रकम लेकर बैठे हैं। जब भी अविश्वास प्रस्ताव के लिए वोटिंग होगी, तो वे वर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष को सपोर्ट करेंगे। ऐसे में तख्ता पलट के लिए बहुमत हासिल करने के लिए बहुत पापड़ बेलने पड़ेंगे।
Published on:
05 Sept 2017 01:31 pm
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