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साढ़े साती से गुजर रहे हैं तो शनिवार के दिन करें ये काम, सारी समस्याएं दूर हो जाएंगी

ज्योतिषाचार्य डॉ. अरविंद मिश्र से जानें साढ़े साती के संकटों से बचने के आसान उपाय।

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आगरा

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suchita mishra

Oct 20, 2018

आगरा। माना जाता है कि यदि व्यक्ति अपनी पूरी आयु जिए तो जीवन में उसे कम से कम तीन बार शनि साढ़े साती का सामना करना पड़ता है। ऐसे में शनि व्यक्ति को उसके कर्मों के मुताबिक दंडित व पुरस्कृत करते हैं। लिहाजा व्यक्ति को इस दौरान काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उसे कई तरह की शारीरिक, मानसिक व आर्थिक परेशानियों से गुजरना पड़ता है। यदि आप भी शनि की साढ़े साती के चलते संकटों से गुजर रहे हैं तो शनिवार के दिन सिर्फ एक काम करें। सारी परेशानियों से निजात मिल जाएगी। ज्योतिषाचार्य डॉ. अरविंद मिश्र से जानें इसके बारे में।

शनिदेव पर चढ़ाएं सरसों का तेल
हनुमान जी शनिदेव के मित्र हैं। एक बार हनुमान बाबा और शनिदेव के बीच युद्ध हुआ। युद्ध में शनिदेव घायल हो गए। मित्र को घायल करने के कारण हनुमान बाबा बहुत दुखी थे। उस समय उन्होंने शनिदेव की चोट की जलन को शांत करने के लिए सरसों का तेल चढ़ाया। इससे उनके घाव भर गए। तब शनिदेव ने हनुमान जी से कहा कि जो भी व्यक्ति आज के बाद मुझ पर सरसों के तेल चढ़ाएगा, सरसों के तेल का दीपक जलाएगा, उसे सारे संकटों से मुक्ति मिलेगी। चूंकि शनिवार शनिदेव का दिन है, लिहाजा शनिवार के दिन दीपक जलाने व तेल चढ़ाने की मान्यता है।

हनुमान बाबा का पूजन करें
शनिवार के दिन हुनमान बाबा की उपासना करने वाले को भी शनि कभी नहीं सताते क्योंकि उन्होंने हनुमानजी को वचन दिया था कि वे हनुमान जी की पूजा करने वाले को कभी नहीं सताएंगे। । इसलिए शनिवार के दिन हनुमान चालीसा, हनुमानाष्टक आदि का पाठ करें, हनुमान बाबा को चोला चढ़ाएं। इससे शनि की साढ़ेसाती का कष्ट कट जाता है।

क्या है विधि
चोला चढ़ाने से पहले आपको हाथ में दक्षिणा और पुष्प लेकर संकल्प करना होता है। उसके बाद सिंदूर में चमेली का तेल डालकर अच्छे से मिलाकर हनुमान जी के पहले चरणों में लगाते हैं, फिर ऊपर से नीचे की ओर लगाते हैं। फिर चांदी की बर्क, जनेऊ और धूप—दीप आदि जलाकर पूजा की जाती है। बेसन या बूंदी के लड्डू का भोग लगाकर दक्षिणा चढ़ाएं। ध्यान रहे चोला चढ़ाना महिलाओं के लिए वर्जित है, वे दूर से ही हनुमान बाबा को प्रणाम करें। शादीशुदा महिलाएं अपने हाथों से पति को सामान दें व पति हनुमान जी पर चोला चढ़ाएं।