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म्यूचुअल फंड में निवेश के नाम पर 19 लाख की लगाई चपत

चांदखेड़ा क्षेत्र में रहने वाले व्यक्ति ने शहर क्राइम ब्रांच में दर्ज कराई प्राथमिकी, आर्थिक अपराध शाखा को सौंपी गई जांच, शुरूआत के दिनों में दिया था मुनाफा
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अहमदाबाद

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nagendra singh rathore

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Updated: 30 Jun 2026, 9:41 PM IST

crime branch

शहर क्राइम ब्रांच (फाइल फोटो)।

Ahmedabad. म्यूचुअल फंड में निवेश करने पर अच्छे मुनाफे का झांसा देकर 19 लाख रुपए की चपत लगाने का मामला सामने आया है। चांदखेड़ा निवासी परमबीर सिंह संधू ने इस संबंध में क्राइम ब्रांच में प्राथमिकी दर्ज कराई है। मामले की जांच आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) को सौंपी गई है।

प्राथमिकी के तहत झुंडाल सर्कल के पास रहने वाले भावेश गोस्वामी से 2024 में उनकी मुलाकात उनके मौसेरे भाई के न्यू सीजी रोड पर स्थित घर पर हुई थी। भावेश ने शेयर बाजार और म्यूचुअल फंड का कामकाज करने की बात कहते हुए उनसे कहा कि म्यूचुअल फंड में निवेश करने पर अच्छा मुनाफा होगा। इससे उन्होंने भी निवेश करने की इच्छा जताई थी। जिसके तहत उन्होंने व उनके तीन अन्य मित्रों ने भावेश को 19 लाख रुपए निवेश करने के लिए दिए।

आरोप है कि शुरूआती चार महीनों तक भावेश ने निवेश से मुनाफा होने की बात कहते हुए मुनाफे की राशि उन्हें दी। उसके बाद से मुनाफे की राशि देनी बंद कर दी। जनवरी 2025 के बाद से उसने राशि देनी बंद कर दी और फरार हो गया। इसके बाद अगस्त 2025 में उसने मौसेरे भाई के घर मुलाकात की और जल्द ही पैसे लौटाने का वादा किया, लेकिन अभी तक भी राशि नहीं लौटाकर विश्वासघात एवं ठगी की है।

टेलीग्राम के जरिए टास्क देकर 2.59 लाख ठगे

अहमदाबाद. अलग-अलग टास्क देकर 2.59 लाख रुपए ठगने का एक और मामला सामने आया है। जीयू थाने में इस बाबत 29 जून को प्रियल शाह (36) ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। इसमें बताया कि उसके साथ यह घटना 23 अप्रेल से 29 जून के दौरान हुई। 23 अप्रेल को अज्ञात नंबर से उन्हें वॉट्सएप ग्रुप में जोड़ लिया गया। उसमें अलग-अलग टास्क के फोटो आ रहे थे। उसमें आइ एक लिंक पर क्लिक करने पर उन्हें मैसेज आया, जिसमें बातचीत हुई। उन्हें टेलीग्राम चैनल से जोड़ा, जिसमें इशिता शर्मा नाम की युवती से बातचीत हुई और उसकी ओर से दिए गए अलग-अलग टास्क पूरे करने पर उन्हें कमीशन मिलता था। बाद में टास्क को खरीदने के लिए पैसे मांगे जाने लगे। पैसे देने पर टास्क पूरे किए तो ज्यादा राशि मिली। जमा हुई राशि को निकालना चाहता तो उनसे अलग-अलग बहाने से 2.59 लाख रुपए जमा करवा लिए और कोई राशि वापस नहीं दी। खुद को ठगा हुआ महसूस होने पर इसकी शिकायत दर्ज कराई है।