
फाइल फोटो
ahmedabad: राज्य में हाई फीवर (तेज बुखार) के जनवरी से अगस्त 2026 के दौरान राज्यभर में 45,272 केस दर्ज हुए हैं, जबकि 2025 की इसी अवधि में इनकी संख्या 41464 थी। एक साल में ऐसे इमरजेंसी मामलों में 9.18 प्रतिशत की वृद्धि हुई। यह तथ्य 108 इमरजेंसी एंबुलेंस के आंकड़ों में सामने आए हैं।
इमरजेंसी 108 एंबुलेंस सेवा के जनसंपर्क अधिकारी विकास बिहानी के अनुसार, जिलेवार आंकड़ों में कुछ क्षेत्रों में यह वृद्धि काफी ज्यादा रही। खास बात यह है कि राज्य में मामलों में वृद्धि के बावजूद सबसे अधिक केस वाले अहमदाबाद में 1.99 प्रतिशत की कमी आई है।
जिले वार आंकड़ों को देखें तो सबसे ज्यादा वृद्धि कच्छ जिले में दर्ज हुई है। यहां तेज बुखार के चलते इमरजेंसी केस 2025 के 1074 से बढ़कर इस साल 2368 हो गए, यानी 120 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। मोरबी में 53 प्रतिशत, साबरकांठा में 45 प्रतिशत, पाटण में 39 प्रतिशत और खेड़ा में 39 प्रतिशत वृद्धि हुई। देवभूमि द्वारका में भी मामले करीब 38 प्रतिशत बढ़े।
राज्य के सभी जिलों में तेज बुखार के इमरजेंसी केस नहीं बढ़े हैं। डांग में 13.31 प्रतिशत, नवसारी में 11.55 प्रतिशत, सुरेंद्रनगर में 6.60 प्रतिशत, वलसाड में 5.78 प्रतिशत और छोटा उदेपुर में 5.69 प्रतिशत की कमी दर्ज हुई। अहमदाबाद में भी 1.99 प्रतिशत की कमी रही।चार बड़े शहरों में अलग-अलग तस्वीरअहमदाबाद में पिछले वर्ष जनवरी से अगस्त के दौरान 10,283 तेज बुखार इमरजेंसी केस के मुकाबले 2026 में 10,078 मामले दर्ज हुए हैं। यानी 205 मामलों की कमी रही। इसके विपरीत सूरत में मामले 6228 से बढ़कर 6752 हो गए, यानी 8.41 प्रतिशत वृद्धि। राजकोट में 1532 से बढ़कर 1698 केस हुए और 10.84 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई। वडोदरा में भी मामले 1489 से बढ़कर 1507 हुए, यानी 1.21 प्रतिशत की मामूली बढ़ोतरी।
Updated on:
07 Sept 2026 10:51 pm
Published on:
07 Sept 2026 10:51 pm
