अहमदाबाद. अहमदाबाद और मुंबई के बीच देश की पहली बुलेट ट्रेन के प्रोजेक्ट के लिए अहमदाबाद के साबरमती इलाके में बुलेट ट्रेन के स्टेशन के निर्माण कार्य ने जोर पकड़ा है। बुलेट ट्रेन अहमदाबाद के साबरमती से मुंबई के बीच दौड़ेगी।
नेशनल हाई स्पीड रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनएचएसआरसीएल) की ओर से मुंबई-अहमदाबाद हाई स्पीड रेल (एमएएचएसआर) यानी बुलेट ट्रेन के लिए फिलहाल एचएसआर कॉरिडोर का निर्माण कार्य जारी है। साबरमती इलाके में बुलेट ट्रेन के स्टेशन के निर्माण कार्य के तहत फिलहाल खंभों का निर्माण पूरा हो चुका है। यहां कॉनकोर्स लेवल के स्लैब का कार्य जोरों पर जारी है। इस कार्य के पूरा होने के बाद रेल लेवल का कार्य शुरू किया जाएगा। उसके बाद पटरियां बिछाने और ओवर हेड इलेक्टि्रक लाइन का कार्य करवाया जाएगा। यहीं पर बुलेट ट्रेन का डिपो भी बनाया जाएगा।
निर्माण कार्य में जुटे इंजीनियर, मजदूर
साबरमती स्टेशनों के बीच रेलवे यार्ड में साबरमती एचएसआर स्टेशन का निर्माण कार्य 2022 में आरंभ हुआ था। फिलहाल साबरमती रेलवे यार्ड में बड़ी संख्या में सरिये, सीमेंट के बैग और रेत सहित निर्माण सामग्री पड़ी है। प्रोजेक्ट इंजीनियर व बड़ी संख्या में मजदूर निर्माण कार्य में जुटे हैं। बड़ी-बड़ी क्रेन, जेसीबी सहित मशीनें और सीमेंट-कंक्रीट मिक्स करने की मशीनें लगातार कार्यरत हैं।
साबरमती से मुंबई के बीच कुल 12 स्टेशन
साबरमती इलाके में बुलेट ट्रेन स्टेशन से रवाना होकर बुलेट ट्रेन अहमदाबाद स्टेशन पहुुंचेगी। साबरमती व अहमदाबाद स्टेशनों के बीच साबरमती नदी पर एचएसआर कॉरिडोर का पहले पुल का निर्माण कार्य भी जोरों पर जारी है। साबरमती से मुंबई के बीच कुल 12 स्टेशन होंगे। इनमें साबरमती, अहमदाबाद, आणंद-नडियाद, वडोदरा, भरूच, सूरत, बिलिमोरा, वापी सहित 8 स्टेशन गुजरात में और बोइसर, विरार, ठाणे, मुंबई सहित महाराष्ट्र में 4 स्टेशन होंगे। यह ट्रेन साबरमती से मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी) तक 508.17 किलोमीटर दूरी तय करेगी। सीमित पड़ाव के साथ यह सफर 2.07 घंटे में पूरा होगा। वहीं सभी पड़ाव के साथ यह दूरी 2.58 घंटे में पूरी होगी। ट्रेन की अधिकतम गति 320 किमी प्रति घंटा होगी।
मल्टी मॉडल ट्रांसपोर्ट हब का निर्माण कार्य अंतिम चरण में
साबरमती में हाई स्पीड रेल कॉरिडोर का टर्मिनल स्टेशन होने के नाते, एनएचएसआरसीएल ने इसे क्षेत्र में एक मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब के रूप में विकसित किया है। यह हब एचएसआर स्टेशन की रेलवे लाइन को भारतीय रेलवे के सौराष्ट्र और दिल्ली रेल मार्ग, मेट्रो स्टेशन और बस रैपिड ट्रांजिट (बीआरटीएस) प्रणाली से जोड़ेगा। इस हब से अहमदाबाद के लोगों को बुलेट ट्रेन, सौराष्ट्र व उत्तर एवं दक्षिण भारत की ओर जाने वाली ट्रेनों, मेट्रो ट्रेन, बीआरटीएस व एएमटीएस की बस को पकड़ने में आसानी रहेगी। इस हब का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। यहां सोलर पैनल लगाए गए हैं।
2017 में हुई थी प्रोजेक्ट की शुरुआत
अहमदाबाद के साबरमती इलाके में 14 सितम्बर 2017 को परियोजना की शुरुआत हुई थी। तब भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने एक साथ शिलान्यास किया था।
2027 में पटरी पर दौड़ने की संभावना
अहमदाबाद और मुंबई के बीच प्रस्तावित पहली बुलेट ट्रेन 2027 में पटरी पर दौड़ सकती है। पहले हिस्से में इसके गुजरात में अहमदाबाद से वापी तक चलने की संभावना है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव कह चुके हैं कि वर्ष 2026 तक सूरत और बिलिमोरा के बीच बुलेट ट्रेन का ट्रायल करने की योजना है। वहीं 2027 में साबरमती से वापी तक गुजरात के हिस्से में बुलेट ट्रेन चलने की संभावना है।
2026 में आएगी पहली बनेगी बुलेट ट्रेन
रेल मंत्री ने कहा था कि देश की पहली बुलेट ट्रेन 2026 में आएगी। इस वर्ष बुलेट ट्रेन का टेंडर जारी किया जाएगा। टेंडर होने के बाद 2024-2025 में ट्रेन बनेगी।
348 किमी गुजरात में दौड़ेगी
यह ट्रेन गुजरात में 348 किलोमीटर तथा महाराष्ट्र में 156 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। वहीं केन्द्र शासित प्रदेश दादरा और नगर हवेली में 4 किलोमीटर का सफर रहेगा। गुजरात तथा दादरा और नगर हवेली में यह एलिवेटेड हाई स्पीड रेल (एचएसआर) ट्रैक के रूप में रहेगा।
लाभान्वित होने वाली अनुमानित आबादी
वर्तमान में अहमदाबाद से मुंबई रोजाना ट्रेन से करीब 30 हजार यात्री सफर करते है। लगभग 30 हजार यात्री सडक़ मार्ग और विमान से यात्रा करते हैं। इन 60 हजार में से बड़ी संख्या में यात्री बुलेट ट्रेन में यात्रा कर सकते हैं। रेलवे के मुताबिक बुलेट ट्रेन के शुुरू होने के बाद सालाना 1.6 करोड़ लोग इन ट्रेनों से यात्रा करेंगे। वहीं 2050 तक इस संख्या में भारी इजाफा होने की उम्मीद है। यह आंकड़ा उस वक्त तक बढ़कर रोजाना 1.6 लाख लोगों तक पहुंच जाएगा।