16 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अहमदाबाद

सिविल अस्पताल में ब्रेन डेड मरीज के अंगों का दान, 3 लोगों को मिला नया जीवन

अब तक 175 ब्रेन डेड बने हैं दाता, दान के अंगों से 550 लोगों की बची जिंदगी

Google source verification

अहमदाबाद शहर के सिविल अस्पताल में और एक ब्रेन डेड दाता के दान में मिले अंगों से तीन लोगों को नया जीवन मिला है। अस्पताल में अब तक 175 ब्रेन डेड मरीजों के अंगों से 550 जरूरतमंदों को बचाने में मदद मिली है। सिविल अस्पताल में इस वर्ष के 11 माह में 36 ब्रेन डेड मरीजों के अंगों का दान किया गया है।

अहमदाबाद के अमराईवाडी निवासी सतीष चौहाण को पिछले दिनों ब्लड प्रेशर के चलते ब्रेन हेमरेज हुआ था। उपचार के लिए उन्हें गत 27 नवंबर को अस्पताल लाया गया था। उचित उपचार के बावजूद जब सतीष की तबीयत में सुधार नहीं हुआ तो उनकी विशेष जांच की गई। रिपोर्ट के आधार पर चिकित्सकों ने 30 नवंबर को सतीष को ब्रेन डेड घोषित कर दिया। उस दौरान चिकित्सकों ने अंगदान के बारे में समझाया था। इस दुख की घड़ी में परिजन काफी हताश हो गए। उन्हें कुछ नहीं सूझ रहा था। ब्रेन डेड घोषित किए जाने के चार दिन बाद परिजनों ने चिकित्सकों की अंगदान की सलाह को मानवीयता के नाते स्वीकार किया। सतीष के अंगों से किसी की जान बचेगी यह सोचकर परिजनों ने दो किडनी और लिवर का दान करने की स्वीकृति दे दी। ये तीनों अंग सिविल मेडिसिटी की ही किडनी अस्पताल में जरूरतमंदों को प्रत्यारोपित किए गए, जिससे उन्हें बेहतर जीवन मिल सकेगा।

ब्रेनडेड दाताओं से मिले अब तक ये अंग

सिविल अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राकेश जोशी ने बताया कि सिविल अस्पताल में ब्रेन डेड दाताओं के अब तक 568 अंग मिल चुके हैं। इनसे 550 लोगों के जीवन को बचाया जा सका है।इन अंगों में सबसे अधिक 316 किडनी मिली हैं। जबकि 152 लिवर, 52 हृदय, 30 फेफड़े, 10 पेंक्रियाज, दो छोटी आंत, छह हाथ, पांच स्किन और 116 नेत्रों का दान किया गया है। उनका कहना है कि अंगदान के प्रति लोगों की सोच बदल रही है,लोग जागरूक हो रहे हैं जिससे अंगदान करने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है।