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Ahmedabad News गुजरात सरकार एक वर्ष में इतने दलित एवं आदिवासी युवाओं को बनाएगी उद्यमी

EDII, Gujarat Goverment, SC, ST, Entrepreneurship Development Institute of India, Entrepreneurship Development, Ahmedabad, residential training ईडीआईआई के साथ किया करार, नेशनल एससी-एसटी हब की तर्ज पर दिया जाएगा प्रशिक्षण, एक वर्ष तक मार्गदर्शन  

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Ahmedabad News गुजरात सरकार एक वर्ष में इतने दलित एवं आदिवासी युवाओं को बनाएगी उद्यमी

Ahmedabad News गुजरात सरकार एक वर्ष में इतने दलित एवं आदिवासी युवाओं को बनाएगी उद्यमी

नगेन्द्र सिंह

अहमदाबाद. गुजरात में इस वर्ष दो हजार दलित एवं आदिवासी युवाओं को उद्यमी बनाने के लिए राज्य सरकार ने कवायद शुरू की है। केंद्र सरकार के MSME एमएसएमई मंत्रालय की National SC-ST Hub नेशनल एससी एसटी हब योजना की तर्ज पर Gujarat Goverment गुजरात सरकार ने भी नई स्कीम शुरू की है। जिसके तहत अप्रेल 2019 से मार्च 2020 तक दो हजार SC अनुसूचित जाति -एससी ( दलित) एवं ST अनुसूचित जनजाति -एसटी (आदिवासी) युवाओं को Entrepreneur उद्यमी बनने का Traning प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे न सिर्फ खुद अपने पैरों पर खड़े हो सकें बल्कि और लोगों के लिए भी रोजगार मुहैया करा सकें।

गुजरात सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की ओर से Entrepreneurship Development Institute of India भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान (ईडीआईआई) को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई है। ईडीआई नेशनल एससी एसटी हब योजना के तहत भी देशभर के दलित एवं आदिवासी युवाओं को उद्यमी बनाने की दिशा में कार्य कर रहा है।

ईडीआई के Prof Prakash Solanki प्रोफेसर प्रकाश सोलंकी ने बताया कि गुजरात सरकार ने मार्च 2019 में ईडीआई को यह जिम्मेदारी सौंपी है। इसके तहत 2000 एससी एवं एसटी युवाओं को उद्यमिता के गुर सिखाए जाएंगे ताकि वे खुद का उद्यम व्यापार शुरू कर सकें और अपने पैरों पर खड़े हो सके। एक उद्यमी अमूमन 3 युवाओं को रोजगार देता है, इस लिहाज से रोजगार के सृजन की दिशा में भी कारगर कदम उठाए जा रहे हैं।

सोलंकी ने बताया कि ईडीआई की ओर से गुजरात के दलित एवं आदिवासी युवाओं से उद्यमिता का प्रशिक्षण पाने के लिए आवेदन आमंत्रित किए जाएंगे। इसके बाद उन्हें एक महीने की residential training नि:शुल्क आवासीय ट्रेनिंग दी जाएगी जहां उन्हें उनकी रुचि के अनुरूप उद्यम शुरू करने को लेकर प्रशिक्षण दिया जाएगा। एक उद्यमी के नाते कंपनी चलाने के लिए जरूरी गुर उन्हें सिखाया जाएगा। इतना ही नहीं कंपनी का पंजीकरण करने से लेकर उसे कार्यरत करने और उसके बाद एक वर्ष तक कंपनी के कार्यरत रहने और मुनाफा करने का मार्गदर्शन भी ईडीआई की ओर से युवा उद्यमियों को दिया जाएगा।

साक्षात्कार के आधार पर होगा चयन

सोलंकी ने बताया कि इस प्रशिक्षण के लिए गुजरात के सभी जिलों से दलित एवं आदिवासी युवाओं को आवेदन करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। आवेदन पत्र भरवाया जाएगा। इसमें कुछ प्रश्न पूछे जाएंगे, जिसके जरिए आवेदक की रूचि के बारे में पता लाएगा जाएगा। बाद में उनका साक्षात्कार होगा और इसके आधार पर चयन किया जाएगा। चयनित युवाओं, युवतियों को एक महीने की नि:शुल्क आवासीय ट्रेनिंग दी जाएगी। इसमें विभिन्न क्षेत्र में उद्यम आरंभ करने, मार्गदर्शन, आवश्यक स्किल उन्हें सिखाई जाएगी। केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं के जरिए आर्थिक मदद व मार्गदर्शन दिलाकर उनकी कंपनी शुरू कराने में मदद की जाएगी। इसका रजिस्ट्रेशन, कंपनी का लेखा जोखा बनाने, कच्चा मॉल लाने और इसे उत्पाद में बदलने और मार्केटिंग जैसी हर तरह की मदद की जाएगी।