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कोविड के नए सिकाडा बीए.3.2 वैरिएंट पर स्वास्थ्य विभाग की नजर

दुनिया के कई देशों में कोविड का नया वैरिएंट सिकाडा बीए.3.2 पैर पसार रहा है। इसे देखते हुए गुजरात सरकार ने भी सतर्कता बढ़ा दी है।राज्य स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त सचिव डॉ. नीलम पटेल ने बताया कि फिलहाल इस वैरिएंट को लेकर कोई नई गाइडलाइन जारी नहीं हुई है, लेकिन सरकार पूरी तरह नजर बनाए […]

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Ahmedabad news

फाइल फोटो।

दुनिया के कई देशों में कोविड का नया वैरिएंट सिकाडा बीए.3.2 पैर पसार रहा है। इसे देखते हुए गुजरात सरकार ने भी सतर्कता बढ़ा दी है।राज्य स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त सचिव डॉ. नीलम पटेल ने बताया कि फिलहाल इस वैरिएंट को लेकर कोई नई गाइडलाइन जारी नहीं हुई है, लेकिन सरकार पूरी तरह नजर बनाए हुए है।

उनके अनुसार शंकास्पद मरीजों की कोरोना जांच नियमित रूप से की जा रही है और अब तक इस वैरिएंट का कोई मरीज गुजरात में सामने नहीं आया है। सभी अस्पतालों को सतर्क रहने और मरीजों की निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि जैसे ही केंद्र या विशेषज्ञ समिति की ओर से गाइडलाइन जारी होगी, उसी आधार पर राज्य में और कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल अस्पतालों में कोविड प्रोटोकॉल के पालन पर जोर दिया जा रहा है और संक्रमण की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।चिंता की बात नहीं, सतर्कता बरतें

डॉ. पटेल ने कहा कि इस वैरिएंट को लेकर किसी तरह की चिंता की जरूरत नहीं है लेकिन सतर्कता बरतना भी जरूरी है। सलाह के तौर पर उन्होंने कहा कि लोग कोविड नियमों का पालन करें और किसी भी लक्षण पर तुरंत जांच करवाएं।

कोरोना के अन्य वैरिएंट जैसे ही लक्षण

अहमदाबाद के सीनियर फिजिशियन डॉ. प्रवीण गर्ग ने बताया कि कोविड के नए वैरिएंट सिकाडा बीए .3.2 के लक्षण अन्य ओमिक्रॉन उपवैरिएंट जैसे ही हैं और अब तक इसकी गंभीरता अधिक नहीं पाई गई है। यह वैरिएंट तेजी से फैल सकता है और प्रतिरक्षा को कुछ हद तक चकमा दे सकता है, लेकिन इससे मरीज के गंभीर स्थिति में जाने की संभावना कम है। डॉ. गर्ग के अनुसार नए वैरिएंट के लक्षणों में गले में खराश, नाक बंद या जुकाम, बुखार या अचानक ठंड लगना, थकान और सिरदर्द, शरीर में दर्द, स्वाद या गंध का कम होना और कुछ मामलों में सांस लेने में भी तकलीफ हो सकती है।