19 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Bullet train project: केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भारत के पहले बुलेट ट्रेन स्टेशन की झलकियां साझा की

Bullet train project: रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अहमदाबाद में साबरमती मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब में निर्मित भारत के पहले बुलेट ट्रेन टर्मिनल का वीडियो शेयर किया। भारत की पहली बुलेट ट्रेन अगस्त 2026 में चलने का अनुमान है। Union Railway Minister Ashwini Vaishnav, Bullet train project

2 min read
Google source verification
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भारत के पहले बुलेट ट्रेन स्टेशन की झलकियां साझा की

Bullet train project: केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भारत के पहले बुलेट ट्रेन स्टेशन की झलकियां साझा की

Bullet train project: मुंबई और अहमदाबाद के बीच भारत के पहले अत्याधुनिक हाई स्पीड रेल (HSR) कॉरिडोर का निर्माण जोरों पर जारी है। इस बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट का अनावरण साल 2017 में एक समारोह के दौरान किया गया था। परियोजना का पहला चरण 2026 तक शुरू होने की उम्मीद है। वहीं, पूरी परियोजना 2028 तक पूरी होने की उम्मीद है। इस महत्वकांशी परियोजना के तहत 508 किमी लंबी पटरी बिछाई जा रही है। यह ट्रेन सुरंगों और समुंदर के नीचे से होकर गुजरेगी। इसपर 1.08 लाख करोड़ रुपये खर्च होने की संभावना है।

भारत का पहला बुलेट ट्रेन स्टेशन बनकर तैयार

इसी योजना के तहत अहमदाबाद के साबरमती एक्सटेंशन में भारत के पहले बुलेट ट्रेन टर्मिनल का निर्माण किया गया है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को इस बुलेट ट्रेन टर्मिनल का एक वीडियो शेयर किया। इस वीडियो में देश के सांस्कृतिक विरासत के साथ-साथ आधुनिक वास्तुकला की झलक देखने मिली है। वीडियो में स्टेशन का भव्य स्वरूप साफ देखा जा सकता है।

यात्रियों को मिलेंगी शानदार सुविधाएं

बुलेट ट्रेन टर्मिनल बेहद खूबसूरत है। इसे यात्रियों को आरामदायक और सुविधाजनक यात्रा अनुभव प्रदान करने के लिए डिजाइन किया गया है। इस पर एयरपोर्ट के जैसे जगमगाते लाउंज के साथ गाड़ियों के आने जाने के रास्ते भी बने हैं।

इसके साथ ही मुंबई-अहमदाबाद 508 किमी डबल-लाइन ट्रैक से जुड़ जाएंगे, जिससे यात्रा का समय भी काफी कम होकर केवल 2.07 घंटे रह जाएगा। बुलेट ट्रेन परियोजना की रफ्तार 350 किमी प्रति घंटा है।

पीएम मोदी ने 2017 में रखी थी नींव

2017 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जापान के तत्कालीन पीएम शिंजो आबे के साथ मिलकर इस प्रोजेक्ट की नींव रखी थी। इसका काम काफी तेजी से हो रहा है। नेशनल हाई स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अनुसार इस रूट के 100 किलोमीटर पुल और 230 पायलिंग (समुद्र का भाग) का काम हो चुका है।