
जूनागढ़ जिले की माणावदर तहसील में भारी बारिश के कारण खेतों में भरा पानी।
Ahmedabad news: दक्षिण गुजरात को भिगोने के बाद मानसून का गुरुवार को सौराष्ट्र के कुछ भागों में रौद्र रूप देखने को मिला। सुबह छह बजे से शाम छह बजे के बीच हुई मूसलाधार बारिश ने जूनागढ़ और गिर सोमनाथ की कई तहसीलों को तरबतर कर दिया। जूनागढ़ जिले की मांगरोल तहसील में महज 14 घंटे में 10.75 इंच बारिश दर्ज की गई।
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) गांधीनगर के अनुसार गुरुवार को 14 घंटे के दौरान राज्य की करीब 157 तहसीलों में बारिश दर्ज की गई। इनमें से कुल 54 तहसीलों में एक इंच से ज्यादा बारिश दर्ज की गई। सबसे अधिक 10.75 इंच वर्षा जूनागढ़ जिले की मांगरोल तहसील में हुई।
इसके बाद केशोद 10.71 इंच और माणावदर में 8.90 इंच बारिश दर्ज की गई। गिर सोमनाथ की सूत्रापाड़ा तहसील में 7.68 इंच, जूनागढ़ की मालिया हटीना में 8.58 इंच, जामनगर की जामजोधपुर में 7.05 इंच, गिर सोमनाथ की पाटण-वेरावल में 6.61 इंच तथा पोरबंदर की कुतियाणा तहसील में 5.76 इंच बारिश हुई। वंथली में 3.74 इंच, राजकोट की उपलेटा में 3.46 इंच, गिर सोमनाथ की कोडिनार में 3.27 इंच और तालाला में 2.72 इंच वर्षा दर्ज की गई। झमाझम बारिश से कई निचले इलाकों में पानी भर गया, जबकि अच्छी वर्षा से किसानों के चेहरों पर राहत भी साफ नजर आई।
मौसम विभाग ने दक्षिण गुजरात और सौराष्ट्र के कई जिलों के लिए अलग-अलग अवधि का रेड, ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। शुक्रवार को भरूच, सूरत, नवसारी, वलसाड, दमण, दादरा एवं नगर हवेली तथा पोरबंदर, जूनागढ़, भावनगर और गिर सोमनाथ जिले में भारी से अतिभारी बारिश का रेड अलर्ट है।शनिवार के दिन सूरत, नवसारी, वलसाड और अमरेली-भावनगर, रविवार को सूरत, डांग, नवसारी, वलसाड तथा छह जुलाई को डांग, नवसारी और वलसाड जिलों में बारिश के लिहाज से रेड अलर्ट जारी किया है। अहमदाबाद समेत उत्तर गुजरात और सौराष्ट्र-कच्छ के कई जिलों में अगले तीन दिनों तक गरज-चमक के साथ 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग ने गुजरात के तटीय क्षेत्रों के लिए भी विशेष चेतावनी जारी की है। आगामी 6 जुलाई तक समुद्र में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जिनके झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका है। समुद्र में ऊंची लहरें उठने, गरज-चमक और बारिश के दौरान दृश्यता कम होने की संभावना को देखते हुए जखाऊ, मुंद्रा, कंडला, ओखा, पोरबंदर, वेरावल, दीव, जाफराबाद, पीपावाव, दहेज, मगदल्ला और दमनण सहित गुजरात के सभी प्रमुख तटीय क्षेत्रों के मछुआरों को अगले पांच दिनों तक समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी गई है।
Published on:
02 Jul 2026 10:27 pm
