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राजस्थान के सीएम ने सुजलाम सुफलाम योजना का किया था विरोध : मोदी

पीएम मोदी ने दी बनासकांठा जिले में विकास कार्यों की भेंट

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राजस्थान के सीएम ने सुजलाम सुफलाम योजना का किया था विरोध : मोदी

राजस्थान के सीएम ने सुजलाम सुफलाम योजना का किया था विरोध : मोदी

अहमदाबाद/पालनपुर. बनासकांठा जिले के थराद में सोमवार को आठ हजार करोड़ रुपए से ज्यादा के विकास कार्यों की भेंट देने पहुंचे PM Modi प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि गुजरात में Sujalam Sufalam scheme सुजलाम सुफलाम योजना का राजस्थान के मुख्यमंत्री ने विरोध जताया था। अब यही योजना लोगों के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित हो रही है। पीएम मोदी मोरबी हादसे को लेकर व्यथित दिखाई दिए। इस दौरान उन्होंने जलापूर्ति परियोजनाओं का शिलान्यास व विकास कार्यों की घोषणा की।
टपक सिंचाई योजना ने विश्व का ध्यान खींचा
मोदी ने कहा कि बनासकांठा में शुरू की गई टपक सिंचाई योजना ने देश ही नहीं बल्कि विश्व का भी ध्यान खींचा है। इससे कम पानी में सिंचाई संभव है। उन्होंने कहा कि गुजरात में भूमिगत जलस्तर को ऊंचा लाने और सिंचाई सुविधा के लिए राज्य के एक हजार से अधिक गांवों में तालाब भरे जाएंगे। इस मौके पर उन्होंने कहा कि पाटण के लाखण वणझारा की ओर से बनवाई गई बावड़ी को आज कोई भूलना नहीं चाहता। पानी की प्याऊ लगवाने वाले लोगों को समाज में काफी महत्व दिया जाता है।
प्रधानमंत्री ने देश की सुरक्षा में बनासकांठा जैसे क्षेत्रों की बढ़ती भूमिका का भी उल्लेख किया। डीसा में एयरफोर्स एयरपोर्ट और नडाबेट में 'सीमा-दर्शन' क्षेत्र में जीवन की गुणवत्ता में सुधार कर रहे हैं। उन्होंने सीमावर्ती जिले में एनसीसी के विस्तार और वाइब्रेंट बॉर्डर विलेज कार्यक्रम के तहत सीमावर्ती गांवों पर विशेष ध्यान देने की भी जानकारी दी।
बनासकांठा सहित उत्तर गुजरात के किसानों को होगा लाभ
प्रधानमंत्री मोदी ने थराद से नर्मदा मुख्य नहर से पाटण जिले की हारीज तहसील के कसरा गांव से बनासकांठा जिले के दांतीवाड़ा तक की नई पाइपलाइन से बनासकांठा के 74 तथा पाटण के 32 गांवों के कुल 7500 हेक्टेयर क्षेत्र के 4200 किसानों को लाभ होगा। अनुमानित खर्च 1566 करोड़ रुपए होगा।
पाटण जिले की सिद्धपुर तहसील के डिंडरोल से बनासकांठा के दांतीवाड़ा तक की नई पाइपलाइन से बनासकांठा के 25 तथा पाटण के 5 गांवों के कुल 3000 हेक्टेयर क्षेत्र के 1700 किसानों को लाभ होगा। अनुमानित खर्च 191 करोड़ रुपए होगा। बनासकांठा में 22 गांवों के सिंचाई क्षेत्र को सिंचाई सुविधा प्रदान करने के लिए योजना के तहत 34 किलोमीटर लंबी नई डिस्ट्रीब्यूटरी के निर्माण से 14700 हेक्टेयर क्षेत्र के 7500 किसानों को लाभ होगा। अनुमानित खर्च 88 करोड़ रुपए होगा। कांकरेज, दियोदर व पाटण के लिए जलापूर्ति योजना के तहत जल संग्रह क्षमता बढ़ाने के कार्य किए जाएंगे। 100 गांवों के 3.02 लाख लोगों को लाभ होगा। अनुमानित खर्च 13 करोड़ रुपए होगा।
6000 करोड़ से अधिक के विकास कार्य की घोषणा
सुजलाम-सुफलाम नहर सुधार कार्य के तहत कडाणा बांध से बनासकांठा जिले के राह गांव तक 332 किलोमीटर लंबी नहर का निर्माण किया जाएगा। 2000 क्यूसेक तक की वहन क्षमता के कारण पानी को सरलता से दूर तक पहुंचाया जा सकेगा। नहर तथा स्ट्रक्चर सुधार का अनुमानित खर्च 1500 करोड़ रुपए होगा। इससे 1111 तालाब तथा 3.7 लाख एकड़ क्षेत्र, 661 गांवों केे 1.25 लाख किसानों को लाभ होगा।
अटल भूजल योजना व भूमिगत रिचार्ज एवं वेस्ट वॉटर रीयूज कार्य के तहत 6 जिलों के 2000 गांवों में वेस्ट वॉटर रीयूज, चेकडैम गहरे करने व मरम्मत कार्य, तालाबों, नलकूप आदि के 1100 करोड़ रुपए के कार्य शुरू करने से 50,000 हेक्टेयर क्षेत्र को परोक्ष लाभ व 1,10,000 हेक्टेयर क्षेत्र के 65,000 किसानों को लाभ होगा।