
Ajmer discom- विद्युत आपूर्ति की होगी ऑनलाइन मॉनिटरिंग, अब नहीं चलेगी अभियंताओं की मनमानी
अजमेर. कृषि कनेक्शनों पर तय समय से ज्यादा विद्युत आपूर्ति कर अजमेर विद्युत वितरण निगम को नुकसान पहुंचाना 21 अभियंताओं को भारी पड़ गया है। प्रबन्ध निदेशक ने इस लापरवाही को गम्भीरता से लेते नागौर, सीकर ब झुंझनु जिले के अभियंताओं को चार्जशीट जारी की है। निगम ने पूरे डिस्कॉम क्षेत्र के अभियंताओं को निर्देश दिए हैं कि कृषि कनेक्शनों को पूरी 6 घण्टे दिन के ब्लॉक में एवं रात के ब्लॉक में 7 घंटे बिजली दी जाए। न इससे कम आपूर्ति हो और न इससे ज्यादा।
अजमेर विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक वी.एस. भाटी ने बताया नागौर, सीकर व झुंझुंनू जिले के विभिन्न ब्लॉकों में कृषि कनेक्शन पर तय समय से ज्यादा बिजली दी गई। यह निगम के साथ राजस्व नुकसान की श्रेणी में आता है। इन सभी को चार्जशीट देकर जवाब मांगा गया है।उन्होंने बताया कि नागौर जिले में निम्बीजोधा के एईएन ज्ञानाराम व जेईएन नाथूराम, जायल के एईएन सचिन तमोली व जेईएन रामकेश मीना, मूंडवा के एईएन अजीत कुमार पांडे व जेईएन दिलीप कुमार, खींवसर के एईएन महेंद्र कुमार व जेईएन श्रवण कुमार को चार्जशीट दी गई है।इसी तरह नागौर में बागोट के एईएन बालकिशन शर्मा व जेईएन चेतन कुमार, बिदियाद परबतसर के एईएन महेंद्र कुमावत व अरविंद गुर्जर, परबतसर के एईएन ब्रजपाल व जेईएन सुनील सारण, लाडनूं के एईएन महेश व जेईएन लक्ष्मीचन्द तथा सांजू के जेईएन कैलाश भाकर को चार्जशीट दी गई है। निगम ने झुंझनु के जेईएन मुकेश झां, महेश कुमार व घनश्याम तथा सीकर के जेईएन राकेश मीणा को भी चार्जशीट दी है।
Published on:
11 Jan 2020 05:46 pm
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