अजमेर. अनंत चतुदर्शी पर शुक्रवार को शहर गाजे-बाजे और ढोल-नगाड़ों से गूंज उठा। लोगों ने विघ्नहर्ता गणेश की प्रतिमाओं का विसर्जन किया। लोगों ने नाचते-गाते गणपति बप्पा को अगले बरस जल्द आने की कामना करते हुए विदाई दी। घरों और मंदिरों में भी मिट्टी से निर्मित ईको फ्रेंडली प्रतिमाओं को विसर्जित किया गया।
शहर में जगह-जगह से श्रद्धालु गणेश प्रतिमाओं के साथ जुलूस में रवाना हुए। लोग लोडिंग टेम्पो, ट्रेक्टर, हाथ ठेलों, साइकिल रिक्शों, कारों-जीपों में सिद्धी विनायक की प्रतिमाएं लेकर लोग ढोल-नगाड़ों, डीजे की धुन पर नाचते-गाते आगे बढ़ते रहे। देवा ओ देवा गणपति देवा.., गणपति बप्पा मोरिया, अबके बरस जल्दी आ…, घर में पधारो गजानन जी…, गरज बरस म्हारा इंदर राजा… आदि गीत डीजे पर जमकर गूंजे। आजाद पार्क के पास मेले जैसा माहौल नजर आया। लोगों ने कुंड में प्रतिमाओं का विसर्जन किया। खानपुरा एसटीपी, अजयनगर और अन्य स्थानों पर भी विसर्जन हुआ।
छलके आंसू
गणेश चतुर्थी से लगातार पार्वती नंदन का पूजन करने वालों की आंखें प्रतिमाओं के विसर्जन के दौरान छलक पड़ीं। छोटे बच्चे, युवतियां और महिलाएं भाव-विभोर नजर आईं। उन्होंने हाथ जोड़कर सिद्धि विनायक से अगले वर्ष जल्दी आने की प्रार्थना की।
घरों-मंदिरों में विसर्जन
लोगों ने मिट्टी, ड्रायफ्रूट से निर्मित ईको फ्रेंडली गणेशजी का घरों-मंदिरों में विसर्जन किया। इसके लिए बाल्टी, टब का सहारा लिया। पानी को तुलसी, पीपल और अन्य पौधों में डाला गया। महाराष्ट्र मंडल में भी गणेश विसर्जन किया गया।
सड़कों पर उड़ी गुलाल
विसर्जन के दौरान शहर की सड़कों पर लाल, गुलाबी, हरी-नीली गुलाल उड़ती रही। लोगों ने भगवान गणेश सहित एक-दूसरे को गुलाल लगाया। आदर्श नगर, रामगंज, केसरगंज, वैशाली नगर, माकड़वाली रोड, शास्त्री नगर, नाका मदार, पंचशील, फाॅयसागर रोड, कोटड़ा, गुलाबबाड़ी, धौलाभाटा और अन्य इलाकों में यही माहौल नजर आया।
वाहनों की रेल-पेल
गणपति विसर्जन के दौरान शहर में वाहनों की रेल-पेल रही। आजाद पार्क, सूचना केंद्र, अजमेर क्लब चौराहा, आगरा गेट, कचहरी रोड, जयपुर रोड पर ज्यादा ट्रेफिक रहा। कई लोग बाइक और स्कूटी पर गणेश प्रतिमाओं को लेकर पहुंचे।