
Green Vegetables
अजमेर. हरी सब्जियों (Green Vegetables)की आसमान छूती कीमतों ने रसोई का जायका बिगाडऩा शुरू कर दिया है। महंगी एलपीजी ( lpg) से पहले ही परेशान गृहणियों का बजट गड़बड़ा रहा है। पिछले 10-15 दिन में शहर में होलसेल अथवा थोक बाजार में ज्यादातर सब्जियां लोगों की पहुंच से बाहर हो रही हैं। ग्वारफली, टमाटर, धनिया और टिंडे के भाव तो आसमान छू रहे हैं।
Read More : बारिश के चलते जयपुर जिला कलक्टर ने जारी की एडवाइजरी, स्कूल कर सकते हैं छुट्टी
अजमेर में पुष्कर, होकरा, खरवा, तबीजी सहित आसपास के इलाकों से सब्जियां आती हैं। इसके अलावा दूसरे प्रांतों से भी आलू, टमाटर, अरबी, नीबू और अन्य सब्जियां ट्रकों के जरिए पहुंचती हैं। पिछले दिनों बिहार, यूपी, झारखंड महाराष्ट्र के कई हिस्सों में अतिवृष्टि का असर सब्जियों पर दिखा है। कई प्रांतों में किसानों की फसलें पानी में खराब हो गई हैं। व्यापारियों (businessmen )का कहना है, कि बाढ़( Flooding) के कारण सब्जियों के ट्रक-ट्रेलर कई जगह अटके हैं। ऐसे में सब्जियां मंडियों तक नहीं पहुंच रही।
आलू-प्याज भी उछले
आम आदमी के लिए सबसे सुलभ माने जाने वाले आलू-प्याज भी महंगाई से अछूते नहीं है। दस दिन पहले तक आलू 15 से 20 रुपए प्रतिकिलो तक था। अब यह 25 रुपए तक पहुंच गया है। यही हाल प्याज का है। टमाटर भी 50 से 70 रुपए तक पहुंच गया है। धनिया तो रसोई से तेजी से दूर हुआ है। धनिया की एक बंधी पूळी के 80 से 100 रुपए तक वसूले जा रहे हैं। जबकि प्रति किलो में यह 180 से 200 रुपए तक बिक रहा है।
मुख्य मंडियों में खुदरा भाव (रुपए प्रति किलो)
आलू 15 से 25
प्याज 15 से 22
लहसुन 70 से 80
टमाटर 50 से 70
धनिया 180 से 200
पुदीना 50 से 60
नीबू 70 से 80
मिर्च 40 से 50
अदरक 120 से 130
चुकंदर 40 से 50
काचरी 30 से 35
करेला 40 से 50
टिंडे 60 से 80
ग्वारफली 60 से 80
तुरई 40 से 50
पत्ता गोभी 50 से 60
फूल गोभी 50 से 60
भिंडी 40 से 60
बैंगन 40 से 50
पालक 25 से 35
गड़बड़ा रहा रसोई का बजट (kitchen budget)
बारिश के कारण कई राज्यों से सब्जियां नहीं पहुंच रही है। अजमेर में सब्जियों के भाव बढऩे और महंगाई से बजट गड़बड़ा रहा है। खासतौर पर धनिया, टमाटर की कीमत आसमान छू रही है।
-उर्मिला तुनवाल
10-15 दिन से सब्जियों की कीमत बेतहाशा बढ़ी हैं। रसोईघर का बजट कुछ बढ़ गया है। एलपीजी और खाद्य पदार्थों की कीमतें पहले ही काफी बढ़ी हुई हैं। सब्जियों की आवक सामान्य नहीं हुई तो गृहणियों की परेशानी बढ़ेंगी।
-किरण कंवर
प्रत्येक घर में हरी सब्जियां भोजन में प्रमुखता से बनती हैं। जिस तेजी से कीमतें बढ़ रही हैं, वह निश्चित तौर पर घरेलू बजट को बढ़ाने वाली हैं। कहीं कम बारिश तो कहीं बाढ़ भी जिम्मेदार है। सब्जियों की आपूर्ति सामान्य होने तक महंगाई नियंत्रित होनी मुश्किल है।
-चित्रा विजय
Published on:
26 Jul 2019 11:53 am
बड़ी खबरें
View Allअजमेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
