7 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अजमेर

बारिश के बीच अजमेर चौपाटी पर मस्ती

-शहर में हुई सवा तीन इंच बरसात

Google source verification

अजमेर

image

Jai Makhija

Jul 05, 2019

-शहर में हुई सवा तीन इंच बरसात
-अंदरूनी और बाहरी इलाकों में भर गया पानी

-घरों में घुसा पानी, सडक़ें बन गई तरणताल
अजमेर. घनघोर घटाएं शुक्रवार सुबह जमकर बरसी। डेढ़ घंटे चली ताबड़तोड़ बारिश ने पूरे शहर को जलमग्न कर दिया। अंदरूनी और बाहरी इलाकों, सडक़ों-चौराहों पर पर पानी उफन पड़ा। कई जगह बाहरी इलाकों और निचली बस्तियों में गलियों और घरों में पानी घुस गया। स्टेशन रोड, मदार गेट, कचहरी रोड और अन्य इलाकों में सडक़ों पर सिर्फ पानी ही पानी नजर आया। इससे जनजीवन पर खासा असर पड़ा। शहर में सुबह 8.30 बजे तक 84 मिलीमीटर (सवा तीन इंच)बारिश बंद होने के बाद भी कई जगह पानी हिलारें मारता रहा।

तडक़े 4 बजे से ही रुक-रुक कर बारिश का दौर शुरू हो गया। सुबह 7 बजे से घनघोर घटाओं ने झमाझम बरसना शुरू किया। वैशाली नगर, पंचशील, नसीराबाद रोड, ब्यावर रोड, नाका मदार, चंदवरदायी नगर, रामगंज, अजय नगर, तारागढ़, फायसागर और आसपास के इलाकों में तेज गर्जना के साथ तूफानी अंदाज में पानी बरसा।

सडक़ें पानी तरणताल
सावित्री चौराहा, रोडवेज बस स्टैंड, मेयो लिंक रोड, राजा साईकिल, अलवर गेट, वैशाली नगर में एमपीएस स्कूल के सामने, शास्त्री नगर, पंचशील, केसरगंज, मदन गोपाल मार्ग, रामगंज और क्षेत्रों में पानी सडक़ों पर उफन पड़ा। सडक़ें नहरें और तरणताल बन गई। ऋषि घाटी, बाबूगढ़ से उफनते पानी ने गंज सर्किल अैार सुभाष उद्यान के सामने तालाब बना दिया। तारागढ़ से उफनते पानी से दरगाह बाजार-नला बाजार नहर में तब्दील हो गया। इससे दरगाह के भीतर भी पानी घुस गया। यही हाल सिविल लाइंस, टोडरमल मार्ग, मेडिकल कॉलेज, बजरंगगढ़ चौराहा, आनासागर लिंक रोड पर दिखा।

स्टेशन रोड-मदार गेट पर पानी

मार्टिंडल ब्रिज की तीसरी भुजा के नीचे पानी उफनने से रोड थम गया। यहां लबालब पानी भरने से ट्रेफिक थम गया। पानी के तेज बहाव से कई दोपहिया वाहन गिर गए। चौपहिया और तिपहिया वाहन भी नहीं निकल सके। यही हाल स्टेशन रोड पर नजर आया। क्लाक टॉवर से गांधी भवन तक पानी ही पानी नजर आया। जयपुर रोड पर कांकरदा भूणाबाय, घूघरा घाटी और आसपास के इलाकों में पहाड़ी से बहता पानी सडक़ पर भर गया।

निचले इलाकों में भरा पानी
बरसात से शहर के निचले और अंदरूनी इलाकों में गलियों और सडक़ों पर पानी भर गया। पुरानी मंडी से उफनते पानी ने कचहरी रोड को दरिया बना दिया। अंधेरी पुलिया और तोपदड़ा पुलिया में भी पानी बहता रहा। श्रीनगर रोड, प्रकाश रोड नगरा, सुनहरी कॉलोनी, बिहारी गंज, जादूघर, मेयो गल्र्स कॉलेज से सटी कॉलोनी और अन्य क्षेत्रों में गलियां पानी में डूबी नजर आई। घरों, दुकानों में पानी घुस गया। लोग बाल्टी लेकर पानी निकालते दिखे। माकड़वाली रोड सहित कई क्षेत्रों में भी कई घरों में पानी भर गया। बरसात बंद होने के बाद भी पानी भरा नजर आया।

उफने नाले और नालियां

आनासागर में जाने वाले छोटे-बड़े नालों में पानी उफन पड़ा। शहर भर में अंदरूनी और बाहरी इलाकों में घरों और पहाड़ी इलाकों से बहता पानी नालों के सहारे आनासागर में पहुंचा। काजी का नाला, आंतेड़ का नाला जवाहर नगर और अन्य क्षेत्रों में नाले उफनते रहे। बारिश का दौर करीब 8.30 बजे तक चला। आनसागर चौपाटी पर भी पानी भर गया। यहां महिलाएं, बच्चे भीगने का लुत्फ उठाते नजर आए। इसके बाद रिमझिम टपका-टपकी का दौर जारी रहा।

जलानी पड़ी वाहनों की लाइट
काली घटाओं के ताबड़तोड़ बरसने से सडक़ों पर एकबारगी कुछ नजर नहीं आया। दोपहिया, तिपहिया और चौपहिया वाहन चालकों को लाइट जलानी पड़ी। कई जगह पानी भरने से वाहन चालकों और राहगीरों को पेड़ों और दुकानों के नीचे रुकना पड़ा। अरावली की पहाड़ी पर बादल मंडराते रहे।

बच्चों को भेजा घर

झमाझम बारिश और सडक़ों पर उफनते पानी से समूचा शहर प्रभावित हुआ। कई स्कूल ने वैन, ऑटो और बसों में आए बच्चों को वापस घर भेज दिया। कई बच्चे साइकिल और स्कूटी पर भीगते हुए पहुंचे। स्कूल परिसरों में भी पानी भर गया।

नगर निगम के दावे फेल

नगर निगम के बारिश पूर्व प्रमुख और इनसे जुड़े नालों की सफाई के दावे खोखले नजर आए। पानी नालों में बहने के बजाय सीधा सडक़ों-गलियों और घरों तक पहुंच गया। निगम के शहर की सफाई व्यवस्था और पानी निकासी व्यवस्था दुरुस्त करने के दावे धरे रह गए।