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वारदात : शराब ठेके के चौकीदार को बंदूक दिखाकर बनाया बंधक, चैनल गेट नहीं टूटने से बच गई लूट

शराब के ठेके में लूटपाट का प्रयास,टिहरी में बस स्टैंड के पास की घटना,पुलिस ने नाकाबंदी कर लुटेरों के पकडऩे के तेज किए प्रयास

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वारदात : शराब ठेके के चौकीदार को बंदूक दिखाकर बनाया बंधक, चैनल गेट नहीं टूटने से बच गई लूट

वारदात : शराब ठेके के चौकीदार को बंदूक दिखाकर बनाया बंधक, चैनल गेट नहीं टूटने से बच गई लूट

अजमेर/किशनगढ़. मार्बल नगरी किशनगढ़ शहर समीप ग्राम टिहरी के बस स्टैंड के पास बदमाशों ने एक देशी अंग्रेजी शराब के ठेके पर शुक्रवार मध्यरात्रि बंदूक दिखाकर वृद्ध को बंधक बना लिया। बाद में नकदी, मोबाइल एवं मोटरसाइकिल की चाबियां छीनकर भाग गए।

बांदरसिंदरी थाना पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। हालांकि फिलहाल कोई सुराग नहीं मिला है। टिहरी निवासी सत्यनारायण सिंह (60) ने बताया कि गांव के स्टैंड के पास देशी अंग्रेजी शराब का ठेका अमरसिंह ठेकेदार के नाम है। उसका बेटा दौलत सिंह ठेके पर सेल्समैन के रूप में काम करता है। ठेका बंद होने के बाद अधिकांशत: वह इसी ठेके के बाहर चारपाई पर सोता है, जबकि उसका घर ठेके की दीवार के पीछे की तरफ है।

पांच युवक जीप से आए

वृद्ध ने बताया कि शुक्रवार रात 8 बजे बाद ठेका बंद होने के बाद चारपाई ठेके के शटर के पास लगाकर सो गया। मध्यरात्रि तकरीबन 2.30 बजे जीप में पांच युवक आए। इनमें से एक जीप में ही चालक सीट पर बैठा रहा, जबकि चार जने उसके पास आए। इनमें से एक ने उसके चेहरे पर कपड़ा ढंक कर हाथ से मुंह बंद कर दिया। अन्य तीन जनों ने सोने वाली अवस्था में ही उसके हाथ पैर चारपाई से बांध दिए। बदमाशों ने शराब के ठेके की चाबियां मांगी।

उसने बताया कि चाबियां तो पास के घर पर हैं। यदि वह उसे समय दें तो वह घर जाकर चाबियां ला सकता है। इस दौरान एक जने ने आंखों पर से कपड़े का कुछ हिस्सा हटाकर उसे बंदूकनुमा हथियार दिखाया और चुप रहने की धमकी दी। इसके बाद उसका चेहरा फिर ढक दिया।

सरिए से तोड़ा शटर, दिखा चैनल गेट

सत्यनारायण ने पुलिस को बताया कि चाबियां नहीं मिलने पर एक आरोपी जीप की तरफ गया और सरिया लेकर आया। फिर चारों जनों ने शटर के ताले तोड़े और शटर को ऊंचा कर लिया। उन्होंने शटर ऊंचा किया तो भीतर चैनलगेट नजर आया। इसी दौरान उन्हें ठेके के पीछे की तरफ वाले मकान के परिसर में किसी के चलने फिरने की आहट सुनाई दी। इनमें से दो जने पीछे गए और कुछ ही देर में पीछे से उगमाराम गुर्जर को भी बंधक बनाकर मौके पर ले आए। उसके भी हाथ पैर बांधकर चारपाई के पास बैठा दिया। कुछ देर तक उन्होंने चैनल गेट तोडऩे की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली।

नकदी व स्मार्ट फोन ले भागे

इस पर आरोपियों ने सत्यनारायण के कपड़ों की तलाशी ली। उन्हें उसके पास 6,700 रुपए की नकदी, एक स्मार्ट फोन मिल गया जो छीन लिए गए। सत्यनारायण ने बताया कि भागते समय चारों जने उसका आधार कार्ड, तोलिया, बीड़ी और माचीस तक छीन कर भाग गए। भागते समय उसकी मोटरसाइकिल की चाबी तक लेली। बाद में सत्यनारायण के शोर मचाने पर गांव में जाग हुई और ग्रामीणों ने आरोपियों की तलाश की, लेकिन अंधेरे का फायदा उठाते हुए लुटेरे तेजी से गांव से बाहर की तरफ निकल गए। सूचना पर बांदरसिंदरी थाना एसएचओ मंजू मुलेवा ने मय जाप्ता मौका मुआयना किया।

पड़ौसियों के घर बाहर से किए बंद

आरोपियों ने सत्यनारायण सिंह एवं उगमाराम गुर्जर को बंधक बनाने के दौरान ही ठेके के आस-पास के घरों के दरवाजे बाहर से बंद कर दिए, ताकि जाग होने पर ग्रामीण उन्हें पकड़ ना सकें। इससे लगता है कि लुटेरों को इस क्षेत्र की स्थिति का पता है। रैकी करने के बाद ही सुनियोजित तरीके से उन्होंने वारदात को अंजाम दिया।