
Kekri district canceled
Kekri District Canceled: नए साल के सूर्योदय से पहले ही विकास के नए स्वरूप में निखर कर सामने आने को तत्पर केकड़ी को जिला बनाए रखने की उम्मीदों का सूरज शनिवार को अस्त हो गया। जिला बनने के 21 महीने बाद भाजपा की भजनलाल सरकार ने केकड़ी का जिले का अधिकार निरस्त कर दिया। इससे केकड़ी क्षेत्र के लोगों को मायूसी हाथ लगी। चुनावी साल में कई मजबूत आधारों के साथ केकड़ी को जिला बनाने की मुहिम ने मूर्त रूप लिया था।
महीने के तीसरे गुरुवार को होने वाली जनसुनवाई अब नहीं होगी। यह जिला स्तरीय जनसुनवाई महीने के तीसरे गुरुवार को सुनिश्चित की गई थी।
केकड़ी जिले को निरस्त करने की खबर के साथ ही क्षेत्रवासियों में रोष नजर आया। सरकार के इस फैसले के विरोध में शनिवार शाम केकड़ी जिला बचाओ संघर्ष समिति के संयोजक रामावतार सिखवाल ने तीन बत्ती चौराहे पर सिर मुंडवाने का निर्णय किया। इसकी भनक प्रशासन को लगी तो हड़कंप मच गया। सिखवाल सिर मुंडवाते उससे पहले ही शहर थाना पुलिस पहुंच गई और समझाइश कर उन्हें ऐसा करने से रोका।
सिखवाल का कहना रहा कि केकड़ी को जिला बनाने और यथावत रखने के लिए आंदोलन किया गया, लेकिन एक झटके में सरकार ने केकड़ी जिले को निरस्त कर दिया है। पुलिस प्रशासन की समझाइश के बाद सिखवाल ने मुंडन नहीं करवाया। इस दौरान मौके पर भीड़ एकत्रित हो गई।
पूर्व चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा कि भाजपा सरकार ने केकड़ी से जिले का दर्जा छीनकर यहां की जनता की भावनाओं के साथ कुठाराघात है। आजादी के बाद से ही केकड़ी इलाका विकास की दृष्टि से पिछड़ा हुआ रहा। अब भाजपा की सरकार ने जिले को समाप्त कर दिया। आने वाली पीढ़ी भाजपा सरकार को कभी माफ नहीं करेगी, क्योंकि नए जिले बनते हैं तो क्षेत्र का विकास होता है।
उन्होंने कहा कि बड़ी मुश्किल से देश के मानचित्र पर केकड़ी का नाम उभरकर आया था, उसे एक झटके में हटा दिया गया। जिले के हिसाब से जो विकास के आयाम स्थापित होने थे, उनकी संपूर्ण संभावनाएं अब समाप्त हो गई हैं।
Updated on:
29 Dec 2024 12:16 pm
Published on:
29 Dec 2024 12:16 pm
