हैडली ने देश के कई मंदिरों, मस्जिदों और सार्वजनिक स्थानों की प्लानिंग बनाई। उसका अन्तर्राष्ट्रीय जगत के कुख्यात आतंकियों से संपर्क भी रहा। इसके बावजूद खुद को चाक-चौबंद कहने वाला खुफिया विभाग और पुलिस उसे पकड़ नहीं सकी। हैडली के जाने के एक माह बाद सुरक्षा एजेंसियों को उसके पुष्कर में रुकने की जानकारी मिली।