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Rajasthan: ई-मेल के जरिए बम की झूठी धमकियां भेजने वाला गुजरात से गिरफ्तार, पूछताछ में कई राज खुलने की संभावना

सिविल लाइंस थाना पुलिस ने ई-मेल से अजमेर में बम धमाकों की झूठी धमकियां देकर दहशत फैलाने के आरोपी युवक को गुजरात से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने गुजरात के सोमनाथ पाटन की वेणेश्वर सोसायटी निवासी फलदू हार्दिक रमेशचन्द को दबोचा।
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अजमेर

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Anil Prajapat

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Updated: 23 Jul 2026, 7:26 AM IST

Rajasthan bomb threat

अजमेर जिला एवं सेशन न्यायालय में सर्च ऑपरेशन। पत्रिका फाइल फोटो

अजमेर। सिविल लाइंस थाना पुलिस ने ई-मेल से अजमेर में बम धमाकों की झूठी धमकियां देकर दहशत फैलाने के आरोपी युवक को गुजरात से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने गुजरात के सोमनाथ पाटन की वेणेश्वर सोसायटी निवासी फलदू हार्दिक रमेशचन्द को दबोचा। पुलिस उसे लेकर मंगलवार देर रात अजमेर पहुंची। प्रारम्भिक पूछताछ के बाद आरोपी को थाने में दर्ज प्रकरण में गिरफ्तार कर बुधवार को कोर्ट में पेश करने पर दो दिन के पुलिस रिमांड पर सौंपा गया। पुलिस उससे अजमेर समेत प्रदेश के अन्य जिलों में भेजे गए झूठी धमकियों के ई-मेल और संभावित नेटवर्क के संबंध में पूछताछ कर रही है। ऐसे में कई राज खुलने की संभावना है। बताया जा रहा है कि पुलिस आज खुलासा करेगी।

पुलिस के अनुसार 9 जुलाई को घूघरा स्थित क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय को ई-मेल भेजकर जहरीली साइनाइड गैस और बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। इसके बाद 13 जुलाई को अजमेर जिला एवं सेशन न्यायालय को ई-मेल भेजकर छह जिलेटिन बम लगाना बताते हुए विस्फोट की धमकी भेजी गई। दोनों मामलों में सिविल लाइंस थाने में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई थी।

तकनीकी जांच से गुजरात तक पहुंची पुलिस

धमकी भरे ई-मेल मिलने के बाद पुलिस ने साइबर तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल ट्रेल के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया। जांच के दौरान आरोपी की लोकेशन गुजरात के सोमनाथ पाटन में मिलने पर पुलिस टीम ने दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से ई-मेल भेजने के उद्देश्य, इस्तेमाल उपकरण, तकनीकी माध्यम तथा अन्य संभावित मामलों में उसकी भूमिका के संबंध में गहन पूछताछ की जाएगी। पूछताछ के दौरान पुलिस को कई अहम सुराग मिल सकते है। साथ ही पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश में जुटी हुई है कि पिछले कुछ महीनों में प्रदेशभर के कलक्टर और कोर्ट को बम जो बम की धमकियां मिली थी, क्या उसमें भी आरोपी का हाथ है?

पहले भी मिल चुकी हैं धमकियां

अजमेर में बीते कुछ माह से विभिन्न सरकारी कार्यालय व संवेदनशील संस्थानों को लगातार धमकी भरे ई-मेल मिलते रहे हैं। इनमें 4 और 10 दिसंबर 2025 को दरगाह-कलेक्ट्रेट परिसर, 23 दिसंबर 2025 को कलेक्ट्रेट में आरडीएक्स, 6 और 12 फरवरी 2026 को सेशन कोर्ट परिसर, 11 फरवरी को कलक्ट्रेट, 10 मार्च को अजमेर सहित प्रदेशभर के पासपोर्ट कार्यालयों, 17 मार्च को जयपुर हाईकोर्ट तथा 9 और 13 जुलाई को क्रमशः आरटीओ और जिला सेशन न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकियां शामिल हैं।