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बांडी नदी रिवर फ्रंट पर पौधरोपण,बढ़ेगा पर्यटन

क्षेत्रवासियों ने ली फ्रंट पर रोपे पौधों की सार-संभाल की जिम्मेदारीराजस्थान पत्रिका की मुहिम से हो रहा बांडी रिवर फ्रंट का विकास

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Gujarat: एक ही साथ तीन की अर्थी उठी, गांव में रूदन

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अजमेर. राजस्थान पत्रिका की मुहिम के बाद विकसित किए जा रहे बांडी नदी रिवर फ्रंट पर शुक्रवार को अजमेर विकास प्रधिकरण तथा अजमेर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के संयुक्त तत्वावधान में पौधरोपण किया गया। प्रशासनिक अधिकारियों सहित स्थानीय क्षेत्रवासियों ने पौधे लगाए। क्षेत्रवासियों ने रिवर फ्रंट पर लगाए पौधों की सार-संभाल की जिम्मेदारी भी ली।

संभागीय आयुक्तडॉ. वीना प्रधान ने इसे शहर में पर्यावरण को बढ़ावा देने वाला बताया। उन्होंने अधिकाधिक पौधरोपण की अपील की। जिला कलक्टर एवं अजमेर स्मार्ट सिटी के सीईओ प्रकाश राजपुरोहित ने कहा कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत बांडी नदी पर सौन्दर्यीकरण के साथ ही पाथ-वे बनाया गया है। आने वाले समय से यहां पर पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। पार्षद प्रतिभा पाराशर ने कहा कि बांडी नदी रिवर फ्रंट को क्षेत्रवासियों के लिए सुखद बदलाव बताया। पार्षद बनवारी लाल शर्मा ने कहा कि बांडी नदी का सुन्दर रूप निखर कर सामने आएगा।
उत्साहपूर्वक लगाए पौधे

बांडी नदी पर संभागीय आयुक्त, जिला कलक्टर, एडीए आयुक्त अक्षय गोदारा, जिला परिषद सीईओ गौरव सैनी, पार्षद प्रतिभा पाराशर, बनवारी लाल शर्मा, राधा विकास विकास समिति हरिभाऊ उपाध्याय मुख्य बी-ब्लॉक के अध्यक्ष संजय लढ्ढा, सचिव संपत सिंह जैन सहित स्थानीय लोगों ने पौधे लगाए।
प्रोजेक्ट एक नजर. . .

अजमेर स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत 5.29 करोड़ की लागत से बांडी नदी रिवर फ्रंट डवलपमेंट के कार्य किए जा रहे हैं। वॉकिंग ट्रेल बनाई जा रही है, नदी किनारे दीवार पर लाल पत्थर लगाए गए हैं। पुष्कर रोड से आरके पुरम तक 480 मीटर लंबाई का रिवर फ्रंट विकसित किया जा रहा है। हरियाली विकसित की जा रही है। बांडी नदी के किनारे अंतिम छोर पर आकर्षक फेंसिंग की जाएगी। वॉकिंग ट्रेल के किनारे लाइटें भी लगाई जाएंगी।

बदलाव लाया राजस्थान पत्रिका का अभियान
फायसागर को आनासागर को जोडऩे वाली ऐतिहासिक बांडी नदी अतिक्रमियों का निवाला बनने के साथ ही उपेक्षा का शिकार थी। राजस्थान पत्रिका ने नदी को बचाने व पुनर्जीवित करने के लिए सिलसिलेवार खबरों के जरिए अभियान चलाया। इसके बाद जिला कलक्टर ने इसकी सुध लेते हुए बांडी नदी रिवर फ्रंट प्रोजेक्ट को मंजूरी दी। तीन चरणों में करोड़ों रूपए खर्च किए जाने का खाका तैयार किया गया। मुख्यमंत्री ने प्रोजेक्ट का शिलान्यास किया। नदी भूमि के 66 अतिक्रमियों की बेदखली के आदेश जारी किए जा चुके हैं। जिस नदी के किनारे लोग जाने से कतराते थे वह अब शहर का प्रमुख पर्यटन केन्द्र बन रही है।

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