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पुलिस के हत्थे चढ़े सटाेरी , बांग्लादेश प्रीमियर लीग पर लगा रहे थे लाखों का सट्टा

शहर थाना पुलिस व स्पेशल टीम ने सोमवार को गणेशपुरा स्थित संत टेऊराम नगर स्थित एक मकान में चल रहा ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा पकड़ा है।

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police arrested two people gamblers who were betting on cricket match

ब्यावर. शहर थाना पुलिस व स्पेशल टीम ने सोमवार को गणेशपुरा स्थित संत टेऊराम नगर स्थित एक मकान में चल रहा ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा पकड़ा है। पुलिस को लैपटाप में 82 लाख 84 लाख का हिसाब मिला है।

मौके से अटैची सैटअप बॉक्स, लैपटाप व चार्जर मिले हैं। पुलिस ने सट्टे की खाईवाली कर रहे दो आरोपितों को मौके से पकड़ा। लैपटाप में सट्टे में राशि लगाने वालों की लम्बी सूची मिली है। पुलिस अब इनके बारे में छानबीन करेगी।

शहर थानाधिकारी यशवंतसिंह यादव ने बताया कि स्पेशल टीम अजमेर को मुखबिर से सूचना मिली गणेशपुरा स्थित संत टेऊराम नगर में कमल सिंधी के मकान में बांग्लादेश प्रीमियर लीग में ऑनलाइन सट्टा लगाया जा रहा है। पुलिस ने दल बनाकर मौके पर दबिश दी।

वहां साकेतनगर निवासी मोहम्मद इरशाद उर्फ अमजद व साकेतनगर निवासी शुभम जैन ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे की खाईवाली कर रहे थे। पुलिस को मौके पर एक लैपटाप मिला। पुलिस ने इसकी जांच की तो उसमें 82 लाख 84 हजार 705 रुपए का हिसाब मिला। इसके अलावा एक अटैची सैटअप बॉक्स (जिसमें 18 मोबाइल एक साथ ऑनलाइन जुड़े हुए थे) मिला।

इसके अलावा चार्जर व कैलक्यूलेटर सहित अन्य सामान बरामद किया। कार्रवाई करने वाली टीम में एएसआई कैलाशचन्द्र, एएसआई मनोजकुमार, सुरेन्द्रसिंह, कन्हैयालाल, सुखपाल, मनोहरलाल, रतनसिंह, जोगेन्द्रसिंह, जितेन्दसिंह, शंकरलाल व महिपाल शामिल थे।


24 ओवर में लग गए 82 लाख दांव पर! बांग्लादेश प्रीमियर लीग में बीस-बीस ओवर के मैच चल रहे थे। पुलिस की टीम जब दबिश देने पहुंची तो पहली पारी खत्म होकर दूसरी पारी का चौथा ओवर चल रहा था। उस समय तक 82 लाख रुपए का सट्टा लगाया जा चुका था। ऐसे में यदि पुलिस की टीम दबिश नहीं देती तो इस औसत से करोड़ से अधिक रुपए दांव पर लगते।

किन-किन से जुड़े हैं तार
क्रिकेट के ऑनलाइन सट्टे में पुलिस लैपटाप में मिले नाम व मोबाइल नम्बरों के आधार पर जांच में जुटी है। यह मोबाइल नम्बर किसके है, किसने कितनी राशि का सट्टा लगाया। जिसने मोटी रकम दाव पर लगाई, उनके पास इतनी मोटी रकम कहां से आई। यदि इनमें से किसी के पास आय से अधिक का हिसाब मिला तो पुलिस उन पर भी शिकंजा कसेगी।