मदनगंज-किशनगढ़ (अजमेर). टोंक विधायक सचिन पायलट की जन संघर्ष यात्रा शुक्रवार को बांदरसिंदरी की ओर रवाना हो गई।
उन्होंने कहा कि हमने भ्रष्टाचार के मुद्दों को उठाया। मैं चाहता था पारदर्शी तरीके से जांच हो। जांच में दूध का दूध और पानी का पानी सामने आ जाए। लेकिन जिन लोगों को डर लग रहा था। वे दूध और पानी छोड़कर दूध और नींबू की बात करने लगे। उन्होंने कहा कि साढे चार साल बीत चुके हैं। छह महीने बाद चुनाव है। सरकार वसुंधराजी के कार्यकाल में हुए भ्रष्टाचार की जांच नहीं कर रही है। हम तपती धूम में चल रहे हैं। लोगों की आवाज बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि आजाद भारत में पहले बार राजस्थान लोक सेवा आयोग के सदस्य को गिरफ्तार किया। मेरा संघर्ष जनता के लिए जनता के बीच में आशीर्वाद बटोरूंगा। उन्होंने मैंने राजस्थान के लोगों के लिए जो सपने देखे उनको पूरा करने के लिए और कुछ करने की जरूरत है। पायलट ने कहा कि मैंने हमेशा मुद्दे की बात कही है और अपनी जुबान पर हमेशा लगाम रखी और कभी संयम नहीं खोया। मुझे लोगों ने क्या क्या नहीं कहा लेकिन मेरी जुबान से एक शब्द बुरा नहीं निकला। इस दौरान पायलट ने भ्रष्टाचार के मामले कार्रवाई नहीं करने पर मुख्यमंत्री को कठघरे में भी खड़ा किया।