
smart city
अजमेर. दो साल के लम्बे इंतजार के बाद स्मार्ट सिटी (smart city) अजमेर को सलाहकार प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कंसलटेंस (पीएमसी) मिल गई। मंगलवार को इसके लिए स्मार्ट सिटी के सीईओ तथा एजीज इंडिया कंसल्टेंट इंडिया कंसल्टिंग इंजीनियर्स लिमिटेड के बीच एमओयू (mou)किया गया। स्मार्ट सिटी के सीईओ(ceo )एवं जिला कलक्टर विश्व मोहन शर्मा ने अनुबंध पर हस्ताक्षर किए। स्मार्ट सिटी लिमिटेड ने पीएमसी को 12 करोड़ 40 लाख रुपए में स्मार्ट सिटी के प्रोजेक्ट तैयार करने का ठेका दिया है। कम्पनी को 23 जुलाई 2019 से काम शुरू करते हुए 22 जनवरी 2021 (18 महीने) में सम्पूर्ण कार्य पूरा करना होगा। यह कम्पनी स्मार्ट सिटी चंडीगढ़ तथा भुवनेश्वर में भी सेवाएं दे चुकी है। कम्पनी के अजमेर में काम संभालने के बाद अजमेर में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के कार्यों में गति आएगी।
सीईओ ने की चर्चा कंसलटेंट एजेंसी की टीम केअतुल दत्ता एवं स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के सीईओ एवं जिला कलक्टर विश्व मोहन शर्मा के बीच कलेक्ट्रेट में प्रोजेक्ट के तहत होने वाले विकास कार्यों पर चर्चा की गई। जिला कलक्टर ने अगले 6 माह में प्रोजेक्ट के तहत होने वाले कार्यों की डीपीआर एवं टेंडरिंग का कार्य शत प्रतिशत पूर्ण करने के निर्देश दिए ताकि प्रोजेक्ट का कार्य गति पकड़ सके। महत्वपूर्ण कार्यों में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट का कार्य प्राथमिकता से हाथ में लिया जाएगा। कंसल्टेंट एजेंसी द्वारा कार्यों की डीपीआर बनाने, इंजीनियरिंग कार्य, तकनीकी विशेषज्ञ की सेवाएं उपलब्ध कराई जाएगी।
कार्यों के गतिरोध दूर होंगे
प्रोजेक्ट के सीईओ एवं जिला कलक्टर ने बताया कि पूर्व में नियुक्त सलाहकार एजेंसी को हटाने के बाद कार्य में आए गतिरोध को अब समाप्त हुआ है तथा एजेंसी द्वारा समय पर प्रोजेक्ट रिपोर्ट देने की प्रतिबद्धता से अब कार्य में गति आ पाएगी। कंसलटेंट एजेंसी के अतुल दत्ता ने आश्वत किया प्रोजेक्ट के कार्यों में गति लाते हुए कार्यों को पूर्ण किया जाएगा। एजेंसी द्वारा पर्याप्त मात्रा में विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध रहेगी। इस मौके पर कंसल्टेंट एजेंसी टीम, एडीएम आनन्दी लाल वैष्णव, कैलाशचंद लखारा, स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट smart city project के अधीक्षण अभियंता विजयवर्गीय सहित संबंधित अधिकारीगण भी उपस्थित थे।
9 जून 2017 से कंसल्टेंसी कम्पनी नहीं
स्मार्ट सिटी अजमेर के लिए कंसल्टेंट के रूप में स्पेन की कम्पनी इप्तिसा को 13 फरवरी 2017 को 19 करोड़ 99 लाख 54 हजार रुपए में में ठेका दिया गया थ। लेकिन कम्पनी की सेवाएं संतोषप्रद नहीं होने से उसे 9 जून 2017 को हटा दिया गया। तबसे स्मार्ट सिटी के पास कंसलटेंसी कम्पनी नहीं है। इप्तिसा को हटाए जाने का मामला फिलहार कोर्ट में विचाराधीन है।
Published on:
23 Jul 2019 10:24 pm
