
आज घर-घर विराजेंगी मातारानी, सजेंगे मैया के दरबार
धौलपुर. पितृपक्ष के बाद सोमवार से शारदीय नवरात्र का शुभारंभ होगा। शारदीय नवरात्र में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है। नवरात्र की शुरुआत प्रतिपदा तिथि को अखंड ज्योति और कलश स्थापना के साथ होती है। पवित्र कलश की स्थापना के बाद ही देवी की उपासना की जाती है। उधर, नवरात्र के साथ ही बाजारों में रौनक लौट आएगी। आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि सोमवार, 26 सितंबर को सुबह 03 बजकर 23 मिनट से प्रारंभ होगी और मंगलवार, 27 सितंबर को सुबह 03 बजकर 08 मिनट पर इसका समापन होगा। शहर में काली माई, झोरवाली माता, कचहरी व धूलकोट रोड स्थित संतोषी माता मंदिर, बाड़ी के कैलामाता मंदिर, मरैना के पास रेहना वाली माता मंदिर समेत सभी मंदिरों में विशेष आयोजन होंगे।
घटस्थापना मुहूर्त का शुभ मुहूर्त
शारदीय नवरात्र में देवी की पूजा से पहले सोमवार को घटस्थापना होगी। इस दिन सुबह 06 बजकर 28 मिनट से लेकर 08 बजकर 01 मिनट तक कलश स्थापना कर सकेंगे। घटस्थापना के लिए साधकों को पूरा एक घंटे 33 मिनट का समय मिलेगा। जिन घरों में लोग व्रत रखना चाहते हैं, वहां इसी एक घंटे के भीतर कलश की स्थापना करनी होगी।
अभिजीत मुहूर्त में कलश स्थापना
जो लोग किसी कारणवश तय मुहूर्त पर घटस्थापना नहीं कर पाते हैं, वो अभिजीत मुहूर्त में भी ये काम कर सकते हैं। अभिजीत मुहूर्त में घटस्थापना करना भी बहुत शुभ माना जाता है। सोमवार को सुबह 11 बजकर 54 मिनट से लेकर 12 बजकर 42 मिनट तक अभिजीत मुहूर्त रहेगा। यानी अभिजीत मुहूर्त में भी कलश स्थापित करने के लिए 48 मिनट का समय मिलेगा।
जमकर हुई बिक्री
घटस्थापना से पूर्व बाजारों में देवी मां की प्रतिमाओं, कलश व पूजन सामग्री आदि की जमक खरीदारी हुई। गुलाब बाग ओवरब्रिज के नीचे देवी प्रतिमाओं की बिक्री हो रही है। बड़ी संख्या में लोगों ने यहां से प्रतिमाओं की खरीदारी की। घरों के लिए छोटी और दुर्गा पंडालों के लिए छह फीट तक की प्रतिमाओं की बिक्री हुई। सजे हुए कलश भी खूब बिके।
Published on:
26 Sept 2022 01:34 am
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