
बेरियाट्रिक सर्जरी
अलीगढ़। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के जवाहर लाल नेहरू मेडिकल काॅलेज के शल्य चिकित्सा विभाग द्वारा बेरियाट्रिक सर्जरी पर पहली बार एक दिवसीय लाइव आॅपरेटिव कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस दौरान मोटापा और उससे सम्बन्धित रोगों की पांच बड़ी शल्य चिकित्सा मुम्बई के डाॅ. रमन गोयल, कोलकाता के डाॅ. सरफराज बेग द्वारा की गई। शल्य चिकित्सा दल में कोलकता के डाॅ. मुनीर उज जमा, (एनेस्थीसिया) और डाॅ. अमृत शामिल थे। जेएन मेडीकल काॅलेज के एनेस्थीसियोलोजी विभाग के प्रोफेसर मुईद अहमद, डाॅ. शाहीना अली, डॉ. अबुनदीम और उनके दल के सदस्य भी इसमें शामिल रहे। यह शल्य चिकित्सा सुबह से शाम तक की गई।
45 से 55 वर्ष के बीच की उम्र
जिन व्यक्तियों की शल्य चिकित्सा की गई उनका भार 95-110 किलोग्राम के बीच था। उनकी आयु 45 से 55 वर्ष के मध्य थी। शल्य चिकित्सा के लिए संसाधन जेएनएमसी द्वारा उपलब्ध कराए गए। कॉरपोरेट चिकित्सालयों में इस शल्य चिकित्सा की लागत प्रति व्यक्ति 4 से 5 लाख रुपये आती है। इस शल्य चिकित्सा से सम्बन्धित व्यक्तियों का भार कम होगा और ब्लडप्रेशर, मधुमेह, गठिया, हृदय रोग ठीक हो जाएंगे।
यूनिट शुरू होने पर मिलेगा लोगों को लाभ
इस मौके पर जेएन मेडिकल काॅलेज आडीटोरियम में हुए कार्यक्रम में शल्य चिकित्सा विभाग के अध्यक्ष और आयोजन समिति के चेयरमैन प्रो. मोहम्मद असलम ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि मोटापा एक रोग है, जिससे ब्लड प्रेशर, हाईपरटेंशन, मधुमेह, गठिया, बांझपन तथा हृदय रोग हो जाते हैं। उन्होंने बताया कि जेएनएमसी के रेजीडेंट्स और अध्यापक इस स्पेशिलिटी को जेएन मेडिकल काॅलेज में विकसित करने पर कार्य करेंगे। शल्य चिकित्सा विभाग में बेरियाट्रिक सर्जरी यूनिट शुरू करने से क्षेत्रीय जनता को बहुत लाभ होगा।
चिकित्सकों ने जताया सहयोग का भरोसा
जेएन मेडिकल काॅलेज के प्रधानाचार्य और सीएमएस प्रो. एससी शर्मा ने कहा कि वर्तमान समय में मोटापा और उससे सम्बन्धित रोगों की सर्जरी की आवश्यकता बढ़ गई है। उन्होंने सर्जरी विभाग में डाॅ. रमन गोयल, डाॅ. सरफराज बेग के आने और लाइव सर्जरी के लिये उनका विशेष रूप से आभार व्यक्त किया। डाॅ. रमन गोयल जेएन मेडिकल काॅलेज के पूर्व छात्र भी रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह अपनी मातृसंस्था में आकर अपने को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह सर्जरी विभाग में बेरियाट्रिक सर्जरी यूनिट की स्थापना में अपना पूर्ण सहयोग देंगे। डाॅ. सरफराज बेग ने कहा कि उन्होंने एक चिकित्सक व रोगी के जो संबंध यहां देखे हैं। ऐसे संबंध बहुत कम चिकित्सा संस्थाओं में देखने को मिलते हैं। उन्होंने कहा कि एएमयू का जेएन मेडिकल काॅलेज देश के अग्रिम पंक्ति के मेडिकल काॅलेज की सूची में शामिल है। कार्यक्रम के आयोजन सचिव प्रो. अफजाल अनीस ने किया। संचालन डाॅक्टर बुशरा सिद्दीकी ने किया।
Published on:
26 Apr 2018 07:41 pm
बड़ी खबरें
View Allअलीगढ़
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
