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कलयुग का अनदेखा नजारा “एक भाई की अनेक बहन”

Aligarh news:कहते हैं जिसका कोई नहीं होता उसका भगवान होता है, इसी कहावत की तर्ज पर लड़के लड़कियों की शादी में भातई का फर्ज मुरली मनोहर मंदिर परिवार निभाएगा।

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सदस्य मंदिर मुरली मनोहर परिवार

अलीगढ़ जयगंज स्थित लगभग 175 वर्ष प्राचीन मंदिर मुरली मनोहर जी महाराज के अंतर्गत, मुरली मनोहर पीठाधिश्वर, नित्य किशोर पुरोहित जी के द्वारा सम्पूर्ण भारत में केवल सनातन धर्म के परिवारों के लिए एक अनूठी पहल अपनाई है।संतान के विवाह के समय जिन माताओं के मायके से किसी भी कारण से भात नहीं आ पाता, उन माताओं को अब निराश होने की आवश्यकता नहीं है। उन माताओं को जयगंज स्थित मंदिर मुरली मनोहर जी महाराज पर विवाह से एक महीने पहले विवाह का एक कार्ड भेजना है, और भात की तारीख भी बतानी है। व कार्ड में शगुन के लिए गुड़ कि एक छोटी डली डालनी है। भगवान मुरली मनोहर जी के आशीर्वाद से भात के दिन विवाह वाले घर में भगवान मुरली मनोहर जी के आशीर्वाद के साथ भात का सामान पहुंच जाएगा।


मुरली मनोहर कलयुग में बने भातई

जिस तरह से द्वापर युग में श्री कृष्ण ने अनेकों रूप रंग में अपने चाहने वालों की लीला दिखाकर हर संभव मदद की थी। उन्होंने अपने मित्र सुदामा को भी जमीन से उठाकर महलों में बिठा दिया था। आज कलयुग में मुरली मनोहर मंदिर परिवार भातईं का फर्ज निभाएगा। जहां जरूरत के समय पर शादी में पहुंचकर भातई बनकर वर वधू को आशीर्वाद देंगे।