10 फ़रवरी 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

AMU को 90 करोड़ रुपये, जानिए किसने दिए और क्यों

कुलपति प्रोफेसर तारिक मंसूर ने कहा कि विश्वविद्यालय में शिक्षा, दीक्षा एवं शोध के लिए आधारभूत सुविधाओं तथा संसाधनों को बेहतर किया जा सकेगा।

2 min read
Google source verification
AMU

AMU

अलीगढ़। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यू0जी0सी0) ने अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) को लगभग 90 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं। यू0जी0सी0 द्वारा विभिन्न केन्द्रीय विश्वविद्यालयों की आर्थिक आवश्यकताओं का विश्लेषण करने के लिए गठित की गई विशेषज्ञों की कमेटी की संस्तुति पर यह राशि स्वीकृत की गई है।

500 बिस्तर का शोधार्थी छात्रावास बनेगा
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने अमुवि कुलपति प्रोफेसर तारिक मंसूर को लिखे एक पत्र द्वारा उक्त निर्णय की सूचना दी है। इसमें बताया गया है कि विश्वविद्यालय नर्सिंग स्कूल का विस्तार करके इसे कॉलेज ऑफ नर्सिंग एण्ड पैरामेडीकल साइंस में परिवर्तित करने, जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में परीक्षा केन्द्र के निर्माण, पी0एच0डी0 शोधार्थियों के लिए 500 बिस्तर के छात्रावास के निर्माण तथा विश्वविद्यालय की अन्य योजनाओं के लिए यह राशि प्रदान की जा रही है।लज्ञात हो कि कुलपति प्रोफेसर तारिक मंसूर ने हाल ही में उक्त परियोजनाओं के लिए यू0जी0सी0 को एक प्रस्ताव प्रस्तुत किया था।

क्या-क्या होगा
30 करोड़ रुपये पी0एच0डी0 शोधार्थियों के 500 बेड के छात्रावास के निर्माण के लिए, 20 करोड़ रुपये कॉलेज ऑफ नर्सिंग एण्ड पैरामेडीकल साइंस के निर्माण के लिये, 10 करोड़ रूपये छात्रावासों के जीर्णोद्धार के लिए, चार करोड़ रुपये सौ कक्षाओं के जीर्णोद्धार के लिए, पांच करोड़ रुपये 100 कक्षाओं को स्मार्ट क्लास रूम में परिवर्तित करने के लिए, दो करोड़ रुपये जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में परीक्षा केन्द्र के निर्माण के लिए, पांच करोड़ रुपये परिसर डवलपमेंट के लिए, दो करोड़ रुपये पुस्तकों तथा पत्रिकाओं के लिए, 10 करोड़ रुपये उपकरणों एंव आई0सी0टी0 के लिए तथा दो करोड़ रुपये अन्य ढ़ांचागत सुविधाओं के लिए प्रदान किये गये हैं।

45 करोड़ वर्ष 2017-18 के लिए
ज्ञात हो कि 90 करोड़ रूपये के फण्ड में से 45 करोड़ रुपये वर्ष 2017-18 के लिए प्रदान किये गये हैं, जिसमें पी0एच0डी0 शोधार्थियों के छात्रावास के लिए दस करोड़ एवं नर्सिंग एण्ड पैरामेडीकल सइंस कालिज के लिए पांच करोड़, छात्रावासों के जीर्णोद्धार के लिए पांच करोड़, मौजूदा कक्षाओं के जीर्णोद्धार के लिए दो करोड़ तथा सौ कक्षाओं को स्मार्ट क्लास रूम में परिवर्तित करने के लिए दो करोड़ ररुपये की राशि शामिल है।

रोजगारपरक पाठ्यक्रम शुरू होंगे
कुलपति प्रोफेसर तारिक मंसूर ने यू0जी0सी0 द्वारा स्वीकृत राशि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इससे विश्वविद्यालय में शिक्षा, दीक्षा एवं शोध के लिए आधारभूत सुविधाओं तथा संसाधनों को बेहतर किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि इनफोरमेशन एवं कम्युनिकेशन टेक्नालोजी के लिए राशि उपलब्ध किये जाने से विश्वविद्यालय के समस्त विभागों, कार्यालयों तथा छात्रावासों में वाई-फाई नेटवर्क के विस्तार में मदद मिलेगी। कुलपति प्राफेसर तारिक मंसूर ने कहा कि पी0एच0डी0 छात्रों के लिए नये छात्रावास के निर्माण से यूनिवर्सिटी में छात्र-छात्राओं की आवासीय समस्याओं को हल करने में बड़ी हद तक मदद मिलेगी। नर्सिंग एण्ड पैरामेडीकल साइंसेस कालिज की स्थापना से रोजगारपरक पाठ्यक्रम प्रारंभ किये जा सकेंगे।