राजेन्द्र सिंह(रज्जू भैया ) विश्वविद्यालय में आयोजित चतुर्थ दीक्षांत समारोह में शिरकत करने यूपी की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा प्रयागराज पहुंचे। कार्यक्रम में छात्रों को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कहा कि पदकों की संख्या में महिलाओं की भागीदारी अधिक होगा नारी शक्ति का उदाहरण है। सभी मेडल पाने वाले छात्रों को शुभकामनाएं देता हूँ और उज्ज्वल भविष्य का कामना करता हूँ।
प्रयागराज: राजेन्द्र सिंह(रज्जू भैया ) विश्वविद्यालय में आयोजित चतुर्थ दीक्षांत समारोह में शिरकत करने यूपी की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा प्रयागराज पहुंचे। कार्यक्रम में छात्रों को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कहा कि पदकों की संख्या में महिलाओं की भागीदारी अधिक होगा नारी शक्ति का उदाहरण है। सभी मेडल पाने वाले छात्रों को शुभकामनाएं देता हूँ और उज्ज्वल भविष्य का कामना करता हूँ।
उपमुख्यमंत्री डाॅ. दिनेश शर्मा ने सम्बोधन में कहा कि यह अत्यंत हर्ष और सम्मान का विषय है कि गंगा, यमुना और अदृष्य सरस्वती के पावन संगम पर स्थित प्रयागराज में प्रो. राजेन्द्र सिंह (रज्जू भैय्या) विश्वविद्यालय के चतुर्थ दीक्षांत समारोह में मुझे दीक्षा साक्षी बनने का अवसर मिला है। आज जिन छात्र-छात्राओं को उपाधि एवं पदक मिला है, उनको बधाई एवं शुभकामनांए देता हूं औरत उनके उज्जवल भविष्य की कामना करता हूं। आज आप एक नए जीवन की शुरूआत कर रहे है।
शिक्षा के गुणवत्ता में हो रहा है सुधार
पदकों की संख्या में महिलाओं की संख्या अधिक होने पर कहा कि यह नारी सशक्तीकरण का एक सर्वोत्तम उदाहरण है। आज शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हो रहा है। शिक्षा के सुधार के लिए हमारी सरकार ने बहुत कार्य किया है। नई शिक्षा नीति के माध्यम से विद्यार्थिंयों अंदर सोच व रचनात्मक क्षमता बढ़ाकर सीखने की प्रक्रिया को और अधिक बढ़ाने की ओर ध्यान दिया गया है। इसका उद्देश्य विद्यार्थिंयों का सर्वांगीण विकास करना है।
कोविड के समय भी विश्वविद्यालय में समस्त अकादमिक गतिविधियां ऑनलाइन प्लेटफार्म पर जारी रखा गया है। आज डिजिटल लाइब्रेरी से बच्चों को लाभ पहुंच रहा है। कहा कि महाविद्यालयों में शोध कार्य बढ़ाये जाने चाहिए। आगे चलकर इस विश्वविद्यालय में कई और नए कोर्स को प्रारम्भ किया जायेगा।
उन्होंने विद्यार्थिंयों से कहा कि हमेशा बड़े लक्ष्य का सपना देखना चाहिए और उसको पूरी मेहनत व लगन के साथ उस लक्ष्य को पूरा करने का प्रयास करना चाहिए। जब तक लक्ष्य पूरी तरह से न मिले तब तक कड़ी मेहनत करनी चाहिए। आज के समय बेटियां हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं देखकर खुशी की अनुभूति होती है। भारत देश के युवा देश के भविष्य है।