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Alwar News : एक्सप्रेस-वे पर चढ़ाई बाइक, वाहन ने मारी टक्कर, लैब असिस्टेंट भर्ती परीक्षा देने जा रहे अभ्यर्थी की मौत

Alwar Bike Accident : अलवर जिले के लक्ष्मणगढ़ में लैब असिस्टेंट भर्ती परीक्षा देने दौसा जा रहे दो अभ्यर्थियों की बाइक को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी। इस हादसे में अभ्यर्थी की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया।

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अलवर

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kamlesh sharma

May 10, 2026

laxmangarh expressway bike accident

फोटो पत्रिका नेटवर्क

लक्ष्मणगढ़ (अलवर)। लैब असिस्टेंट भर्ती परीक्षा देने दौसा जा रहे दो अभ्यर्थियों की बाइक को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी। इस हादसे में अभ्यर्थी की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसा शनिवार देर रात दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर हुआ। लक्ष्मणगढ़ पुलिस थाने के एएसआइ शहजाद खान ने बताया कि कोटपूतली-बहरोड़ जिले के हरसौरा थाना क्षेत्र के गुवाड़ा गांव निवासी योगेंद्र कुमार (28) पुत्र सुनील और अमित कुमार (22) पुत्र सुभाष बाइक पर सवार होकर दौसा में रविवार को आयोजित लैब असिस्टेंट की परीक्षा देने जा रहे थे।

अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर

शीतल टोल प्लाजा पर सुरक्षा कर्मियों की कथित अनदेखी के कारण दोनों बाइक लेकर एक्सप्रेस-वे पर चढ़ गए। बड़ा बॉस बुटोली के समीप तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने इनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि योगेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही एनएचएआइ की एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल अमित को स्थानीय सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया।

हादसे की सूचना मिलने पर लक्ष्मणगढ़ थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के के बाद परिजनों के सुपर्द कर दिया। परिजनों ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ रिपोर्ट दी है। पुलिस एक्सप्रेस-वे पर लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से टक्कर मारकर भागने वाले वाहन चालक की तलाश कर रही है। मृतक योगेंद्र अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था और पूरे परिवार का एकमात्र सहारा था।

नियमों की अनदेखी या सुरक्षा में चूक

दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर दोपहिया वाहन नहीं चला सकते। इस प्रतिबंध के बावजूद दोनों अभ्यर्थी इस पर बाइक दौड़ा रहे थे। सुरक्षा नियमों के बावजूद एक्सप्रेस-वे पर दोपहिया वाहनों का पहुंचना सीधे तौर पर मैनेजमेंट और टोल सुरक्षा पर सवालिया निशान लगाता है।

सवाल यह भी है कि टोल प्लाजा पर सुरक्षाकर्मियों की तैनाती के बावजूद यह चूक कैसे हुई। जब दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर दोपहिया और धीमी गति के वाहनों का प्रवेश पूरी तरह वर्जित है, तो शीतल टोल प्लाजा पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने बाइक को अंदर जाने कैसे दिया? इस बात की भी जांच होनी चाहिए कि क्या वहां सीसीटीवी कैमरों और गार्ड्स की निगरानी में ढिलाई बरती जा रही है?