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कांग्रेस नेताओं को आ​​​खिर क्यूं नहीं है जीत की चिंता

विधानसभा चुनाव में राजनीतिक दलों की सबसे बड़ी चुनौती जीत दर्ज कराने की है। लेकिन कांग्रेस में दावेदार अभी जीत की रणनीति छोड़ पहले टिकट पक्का करने में जुटे हैं। पार्टी के कार्यकर्ता भी अभी मैदानी चुनावी तैयारी के बजाय अपने नेताओं के टिकट पक्का कराने के लिए साथ घूम रहे हैं।

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अलवर

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Prem Pathak

Sep 21, 2023

कांग्रेस नेताओं को आ​​​खिर क्यूं नहीं है जीत की चिंता

कांग्रेस नेताओं को आ​​​खिर क्यूं नहीं है जीत की चिंता

अलवर. विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस व भाजपा की चिंता सत्ता की दहलीज तक पहुंचने की है, वहीं अलवर जिले में इन पार्टियों के ज्यादातर नेता चुनाव में जीत की चिंता छोड़, पहले टिकट हथियाने की जुगत में लगे हैं। कांग्रेस में मौजूदा विधायकों को छोड़ टिकट के ज्यादातर दावेदार इन दिनों बड़े नेताओं के यहां टिकट के लिए दौड़धूप करते दिखाई पड़ते हैं।
कांग्रेस इस बार प्रदेश में एक बार भाजपा, एक बार कांग्रेस की सरकार का रिवाज तोड़ने की भरपूर कोशिश में जुटी है। इसके लिए पार्टी के रणनीतिकार एक- एक सीट का गहराई से अध्ययन कर मजबूत प्रत्याशी चयन प्रक्रिया में लगे हैं। ऐसे नेताओं की ओर से पार्टी कार्यकर्ताओं को क्षेत्र में जाकर कांग्रेस के लिए कार्य करने की बात भी कही जाती रही है। लेकिन ज्यादातर नेता इन दिनों क्षेत्र के बजाय दिल्ली- जयपुर की दौड़ धूप कर बड़े नेताओं के यहां हाजिरी लगा रहे हैं।

बैठकों से आगे नहीं बढ़ पा रही तैयारी

कांग्रेस की तैयारी फिलहाल पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, प्रभारियों की ओर से बैठकों तक सीमित है। इन बैठकों में पार्टी पदाधिकारी एवं चुनाव प्रभारी कार्यकर्ताओं को एकजुटता का संदेश देकर लोगों तक पहुंचकर सरकार की योजनाओं की जानकारी देने तथा बूथों को मजबूत करने की बात कहते सुनाई पड़ते हैं। लेकिन ज्यादातर कार्यकर्ता अपने नेता के टिकट को लेकर ज्यादा चितिंत दिखाई पड़ते हैं।

सर्वे उड़ाई दावेदारों की नींद

कांग्रेस टिकट के दावेदारों की नींद पार्टी की ओर से कई स्तरों पर कराए गए सर्वे ने उड़ा रखी है। टिकट के ज्यादातर दावेदार सर्वे में अपनी िस्थति का पता करने के लिए बड़े नेताओं की चौखट नाप रहे हैं। हालांकि अभी प्रदेश स्तर पर भी कांग्रेस की ओर से प्रत्याशी चयन की प्रक्रिया में ढिलाई दिखाई पड़ रही है।