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जिला प्रमुख चुनाव में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत, भाजपा 20 पर सिमटी, प्रधानी में टक्कर कांटे की

जिला परिषद सदस्य चुनाव के नतीजों में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत मिलने के साथ ही जिला प्रमुख के प्रतिष्ठापूर्ण चुनाव में कांग्रेस की राह आसान हो गई है, वहीं 20 के आंकड़े पर अटकी भाजपा की उम्मीद अब कांग्रेस खेमे में जिला प्रमुख पद की रणनीति पर टिकी है।

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अलवर

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Prem Pathak

Oct 29, 2021

जिला प्रमुख चुनाव में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत, भाजपा 20 पर सिमटी, प्रधानी में टक्कर कांटे की

जिला प्रमुख चुनाव में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत, भाजपा 20 पर सिमटी, प्रधानी में टक्कर कांटे की

अलवर. जिला परिषद सदस्य चुनाव के नतीजों में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत मिलने के साथ ही जिला प्रमुख के प्रतिष्ठापूर्ण चुनाव में कांग्रेस की राह आसान हो गई है, वहीं 20 के आंकड़े पर अटकी भाजपा की उम्मीद अब कांग्रेस खेमे में जिला प्रमुख पद की रणनीति पर टिकी है।

जिला परिषद सदस्य के 49 वार्डों की वोटों की गिनती शुक्रवार दोपहर बाबूशोभाराम राजकीय कला महाविद्यालय परिसर में शुरू हुई। शाम करीब 5 बजे जिला परिषद के वार्डों के नतीजे घोषित कर दिए गए। जिला परिषद सदस्य के नतीजों में कांग्रेस भाजपा पर भारी पड़ी। कांग्रेस ने 25 सीट जीत जिला परिषद में स्पष्ट बहुमत हासिल किया। चुनाव नतीजों में कांग्रेस को 24 वार्डों में जीत मिली, वहीं भाजपा 20 पर ही अटक गई, वहीं चार वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशी विजयी रहे। कांग्रेस का एक प्रत्याशी वार्ड 20 से पहले ही निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया जा चुका है।
उमरैण, मालाखेड़ा, थानागाजी, लक्ष्मणगढ़ में रहा कांग्रेस का दबदबाजिला परिषद सदस्य चुनाव में भी कांग्रेस का उमरैण, मालाखेड़ा, थानागाजी, लक्ष्मणगढ़, रामगढ़, किशनगढ़बास आदि पंचायत समितियों में दबदबा रहा। कांग्रेस के ज्यादातर जिला परिषद सदस्य इन्हीं पंचायत समिति क्षेत्रों से जीतकर आए हैं। भाजपा को मुण्डावर, बहरोड़, बानसूर, राजगढ़, कठूमर ने दी संजीवनीजिला परिषद सदस्य चुनाव में भाजपा को मुण्डावर, बहरोड़, बानसूर, राजगढ़, कठूमर आदि पंचायत समितियों में जीत हासिल हुई। पार्टी के ज्यादातर जिला परिषद सदस्य इन्हीं पंचायत समितियों से जीतकर आए हैं। वहीं नीमराणा में निर्दलीयों का दबदबा रहा।

मतदाता का मूड में ज्यादा फर्क नहीं

पंचायत राज चुनाव में जिला परिषद सदस्य एवं पंचायत समिति सदस्य के लिए मतदान एक ही दिन व साथ-साथ कराया गया। इस कारण मतदान के दौरान मतदाताओं के मूड में ज्यादा अंतर दिखाई नहीं दिया। चुनाव के नतीजे भी पंचायत समिति सदस्य व जिला परिषद सदस्य के लगभग समान ही आए हैं। जिन पंचायत समितियों में कांग्रेस का पंचायत समिति सदस्य चुनाव नतीजों में दबदबा रहा, वहां जिला परिषद सदस्य चुनाव के नतीजे भी कांगे्रस के पक्ष में गए हैं। जिन क्षेत्रों में भाजपा भारी रही, वहां जिला परिषद सदस्य भी भाजपा के ज्यादा जीते हैं। इतना ही नहीं जिन क्षेत्रों में निर्दलीयों का दबदबा रहा, वहां जिला परिषद सदस्य के नतीजे भी निर्दलीयों के पक्ष में गए हैं।
अब निगाहें जिला प्रमुख पद पर लगीचुनाव नतीजे घोषित होने के बाद अब सभी की नजरें जिला प्रमुख पद के प्रत्याशी पर टिक गई है। वैसे तो कांग्रेस को जिला परिषद सदस्य चुनाव के नतीजों में स्पष्ट बहुमत मिला है, लेकिन राजनीतिक क्षेत्र में सब की नजरें अब कांग्रेस से घोषित होने वाले प्रत्याशी पर टिकी है। हालांकि नम्बर गेम में भाजपा पीछे है, लेकिन वहां भी जिला प्रमुख चुनाव के लिए प्रत्याशी को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। संभावना है कि भाजपा कम जिला परिषद सदस्य के बाद भी चुनाव मैदान में अपना प्रत्याशी उतारेगी।

कांग्रेस को शुरूआत से ही मिली बढ़त

जिला परिषद सदस्य चुनाव में कांगेस को शुरुआत में ही दोहरी बढ़त मिल गई थी। जिला परिषद के वार्ड नम्बर 20 से कांग्रेस का प्रत्याशी निर्विरोध निर्वाचित हुआ। वहीं भाजपा चार वार्डों में अपने सिम्बल पर प्रत्याशी ही नहीं उतार पाई। भाजपा के चार प्रत्याशियों के सिम्बल निरस्त हो गए थे। इस कारण भाजपा को 45 वार्डों में ही सिम्बल पर ही चुनाव लडऩा पड़ा था। हालांकि भाजपा ने बाद में तीन वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशियों को समर्थन दिया। कांग्रेस की शुरुआती बढ़त पार्टी को स्पष्ट बहुमत दिलाने में कामयाब रही।
पंचायत समितियों में भी रही टक्करपंचायत समिति सदस्य चुनाव में भी कांग्रेस व भाजपा के बीच नजदीकी टक्कर रही। चुनाव नतीजों में कांग्रेस को चार, भाजपा को एक पंचायत समिति में स्पष्ट बहुमत मिला। वहीं भाजपा आठ पंचायत समितियों में कांग्रेस से आगे है, वहीं कांग्रेस भी तीन पंचायत समितियों में आगे हैं। इन्हीं पंचायत समितियों में नीमराणा व लक्ष्मणगढ़ में निर्दलीयों की संख्या दोनों ही प्रमुख पार्टियों से आगे हैं।

सबसे कम उम्र का जिला परिषद सदस्य
जिला परिषद सदस्य चुनाव में सबसे कम उम्र का जिला पार्षद वार्ड संख्या एक से निर्दलीय उम्मीदवार जयप्रकाश यादव झाबर विजयी हुए हैं। खास बात यह कि यह वार्ड श्रम राज्य मंत्री टीकाराम जूली का गृह वार्ड है तथा यहां से भाजपा ने पूर्व प्रधान रोहिताश यादव को प्रत्याशी बनाया था। निर्दलीय प्रत्याशी जयप्रकाश ने यहां कांग्रेस व भाजपा के दिग्गजों को हरा चुनाव जीता है।

पिछले जिला प्रमुख चुनाव का गणित

भाजपा- 29, कांग्रेस- 19, निर्दलीय-1 लेकिन क्रॉस वोटिंग से कांग्रेस की रेखा राजू यादव एक वोट से जीती।

इस बार जिला प्रमुख चुनाव का गणित

भाजपा- 20, कांग्रेस- 25, निर्दलीय- 4