15 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पांच कक्षा, 5 विद्यार्थी और 2 शिक्षक

कल्याणपुरा के राजकीय प्राथमिक विद्यालय में बच्चों का टोटा

2 min read
Google source verification

अलवर

image

mohit bawaliya

Mar 20, 2024

पांच कक्षा, 5 विद्यार्थी और 2 शिक्षक

पांच कक्षा, 5 विद्यार्थी और 2 शिक्षक

शिक्षा अधिकारियों की अनदेखी के चलते स्कूलों का हाल बेहाल हो रहा है। यहां पंचायत समिति क्षेत्र के कल्याणपुरा गांव के राजकीय प्राथमिक विद्यालय में पांच कक्षाएं हैं और उनमें केवल पांच बच्चों को दो शिक्षक पढ़ा रहे हैं। ये शिक्षक स्कूल में नामांकन ही नहीं बढ़ा पा रहे हैं। इन शिक्षकों को अधिकारियों की ओर से कई बार नोटिस देकर इतिश्री कर ली गई लेकिन हालात में कोई सुधार नहीं हुआ है। वहीं शिक्षा की गुणवत्ता का भी इससे अंदाजा लगाया जा सकता है।
डबल इंजन की सरकार आने के बाद भी इस तरह के स्कूलों के तरफ कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। ना ही नामांकन नहीं बढ़ाने वाले शिक्षकों पर कार्रवाई ही की जा रही है। ऐसे में कहीं तो शिक्षकों की कमी है और यहां केवल पांच बच्चों को दो शिक्षक पढ़ाई करवा रहे हैं। शिक्षा की गुणवत्ता ऐसी है कि बच्चों को राजस्थान के सीएम, देश के प्रधानमंत्री आदि के बारे में जानकारी ही नहीं है। जबकि सरकार की ओर से शिक्षा को लेकर कई योजनाएं चलाने का दावा किया जा रहा है। लेकिन यहां कल्याणपुरा गांव के प्राथमिक शाला में शिक्षा की हालात देखकर लोग अचंभित है।


दोष बच्चों पर मंढ़ रहे

इस सम्बन्ध में शिक्षकों की ओर से दोष बच्चों को ही दिया जाता है। नामांकन नहीं होने के कारण स्कूल में बच्चों की संख्या नहीं बढ़ पा रही है। लेकिन उधर, इस संबंध में कोई प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। इसके चलते स्कूल बंद होने के कगार पर पहुंच चुका है।


स्कूल में सफाई का अभाव

बच्चों व उनके परिजनों का कहना है कि स्कूल में केवल पांच बच्चों होने के बाद भी साफ- सफाई का अभाव है। बच्चों को ही स्कूल में जाकर सफाई करनी पड़ती है। प्रतिदिन सफाई करने के बाद ही प्रार्थना करते हैं। इस तरफ भी शिक्षा विभाग के अधिकारियों की ओर से कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।

संबंधित विद्यालय के शिक्षकों को कई बार नोटिस थमा चुके हैं। विद्यालय में नामांकन वृद्धि के लिए कई बार निर्देश दिए जा चुके हैं लेकिन इसके बाद भी कोई सुधार नहीं है। शिक्षा का स्तर ङ्क्षचतनीय विषय है। जल्द ही कठोर कदम उठाए जाएंगे।
- मौसम मीना, ब्लॉक मुख्य शिक्षा अधिकारी राजगढ़