पहले दिन ही सरकारी कर्मचारियों को स्कूल व अन्य सरकारी कार्यालय में जाना ही भारी पड़ गया। शहर कोतवाली क्षेत्र में तो कई स्थानों पर बाहर ही नहीं जाने दिया, जो ड्यूटी पर चले गए , उनका वापस आना ही मुश्किल हो गया। इसके चलते शिक्षकों का कहना था कि यदि वे घर पर ही रहते हैं तो उनकी कार्यालय में अनुपस्थिति मानी जाएगी।