हरीश हॉस्पिटल के शिशु रोग विशेषज्ञ डाक्टर दीपेश गुप्ता ने बताया कि जून की शुरुआत से अब तक एमआइएस- सी के करीब पांच से छह मामले आ चुके हैं। जिनको उपचार के बाद घर भेजा जा चुका है। दो बच्चे इसी सप्ताह सही होकर गए हैं। यह बीमारी कोरोना से ठीक होने के 2 से 8 सप्ताह के बाद आती है। कोरोना से शरीर का इम्युनिटी सिस्टम बदल जाता है। इससे अलग- अलग लक्षण दिखाई देते हैं, जैसे बुखार होना, आंख लाल, होठ लाल, जीभ लाल, हाथ पैर में लाल चक्त्ते हो जाना, हार्ट की नसों में खून का थक्का बनना, किडनी व लीवर प्रभावित होना शामिल है। समय पर इलाज नहीं कराने से यह बीमारी जानलेवा बन जाती है।