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अलवर के मुस्लिम लोक कलाकार अयोध्या में मेवाती भाषा में गाएंगे रामायण

अलवर के मुस्लिम लोक कलाकार अयोध्या में मेवाती भाषा में गाएंगे रामायण

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अलवर के मुस्लिम लोक कलाकार अयोध्या में मेवाती भाषा में गाएंगे रामायण

अलवर के मुस्लिम लोक कलाकार अयोध्या में मेवाती भाषा में गाएंगे रामायण

अलवर. अलवर के अन्तरराष्ट्रीय ख्याति नाम भपंग वादक लोक कलाकार युसूफ खान और उनका समूह बुधवार को अयोध्या में आयोजित किए जाने वाले लोक में राम कार्यक्रम में भगवान श्रीराम की महिमा के गीत गाएंगे। तीन घंटे तक ये भगवान श्रीराम की ओर से की गई लंका चढ़ाई के प्रसंग की भपंग वादन की धुन पर मेवाती भाषा में प्रस्तुति देंगे।
अयोध्या में अवध विश्वविद्यालय में हो रहे इस कार्यक्रम को संस्कार भारती, ललित कला अकादमी और अयोध्या शोध संस्थान की ओर से आयोजित किया जाएगा। इसका उद्घाटन श्री राम जन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास करेंगे। कार्यक्रम संयोजिका पद्म श्री मालिनी अवस्थी होंगी। कार्यक्रम के पहले दिन उद्घाटन सत्र के बाद कुमार विश्वास का काव्य पाठ अपने- अपने राम होगा। इसके बाद अलवर के भपंग वादक युसूफ खान के नेतृत्व में दल भगवान श्रीराम की ओर से लंका पर की गई चढ़ाई का वर्णन मेवाती भाषा में गीतों के माध्यम से प्रस्तुत करेंगे। दल में भपंग पर जाकिर खान, हारमोनियम पर असरूदीन, ढोलक पर सुभराती, सारंगी पर नूरदीन और खंजरी पर मुरली प्रस्तुति देंगे।
अलवर की कला को मिला मान-अन्तरराष्ट्रीय भपंग वादक युसूफ खान का कहना है कि तीन दिन तक चलने वाले राष्ट्रीय स्तर के इस कार्यक्रम में भगवान श्रीराम की ओर से लंका चढ़ाई की कथा को गीतों के माध्यम से सुनाने का मुझे मौका मिला, जिससे हम सब कलाकार गौरवान्वित हैं।
जहूर से विरासत में मिली रामायण गाने की परम्परा
युसूफ खान को विरासत में अपने दादा ख्यातनाम भपंग वादक जहूर खां से रामायण गाने की कला मिली। मेवात क्षेत्र में मेव जोगी समुदाय के लोग रामायण, महाभारत और कृष्ण लीला की कथाएं गाते थे। कुछ समय के लिए यह परम्परा लुप्त होने लगी। युवा भपंग वादक युसूफ खान ने इसे दोबारा से शुरू किया। मेवात के एक शायर निजामत ने भगवान श्रीराम की लंका चढ़ाई को गाया। यह शैली दोहा धानी शैली है जिसमें दोहे के माध्यम से गाया जाता है। यह समूह दिल्ली के इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केन्द्र सहित रूपायन संस्थान जोधपुर के मंच पर रामायण और महाभारत की मेवाती भाषा में प्रस्तुति दे चुका है।
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