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Monsoon विदाई की ओर…झमाझम बारिश के बावजूद सामान्य आंकड़ा नहीं छू पाया

Monsoon 2023 : जिले में मानसून का प्रभाव थम गया है। अब मानसून के विदाई होने ने मात्रा 11 दिन शेष हैं। इसके बाद मानसून का समय खत्म हो जाएगा। सिंचाई विभाग की ओर से मानसून काल 15 जून से लेकर 15 सितम्बर तक होता है।

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अलवर

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Kirti Verma

Sep 05, 2023

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अलवर. Monsoon 2023 : जिले में मानसून का प्रभाव थम गया है। अब मानसून के विदाई होने ने मात्रा 11 दिन शेष हैं। इसके बाद मानसून का समय खत्म हो जाएगा। सिंचाई विभाग की ओर से मानसून काल 15 जून से लेकर 15 सितम्बर तक होता है। इसके लिए हर साल आपदा प्रबंधन केन्द्र बनाया जाता है। जो 15 सितम्बर को बंद हो जाता है। इस साल मानसूनी बारिश औसत बारिश के आंकडे को भी नहीं छू सकी है। क्योंकि अलवर जिले की औसत बारिश 555 मिमी है। इसमें से केवल 431 मिमी बारिश 4 सितम्बर तक दर्ज की गई है। जो औसत बारिश का 77 फीसदी है। वहीं अगस्त माह की बात की जाए तो केवल मानसून की 79 मिमी बारिश दर्ज हुई है।

मानसून के समय दस बांधों में पानी, अब केवल तीन में शेष
जिले में मानसून के दौरान दो -तीन अच्छी बारिश हुई। इससे जिले के दस बांधों में पानी की आवक देखी गई, लेकिन जैसे की मानूसन विदाई की ओर जाने लगा तो केवल तीन बांधों में ही पानी शेष रह गया। अलवर जिले में छोटे-बड़े बांधों की बात की जाए तो कुल 129 बांध हैं। इसमें सिंचाई विभाग के 22 बांध हैं और 107 बांध पंचायत समिति के हैं। इन बांधों में भी पानी का स्तर रसातल में पहुंचने लगा है।

किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें
यहां की अधिकांश आबादी खेती-बाड़ी और इससे संबंधित कामों से जुड़ी हुई है। वहीं जिले में खरीफ की फसल केवल बारिश पर निर्भर करती है। बारिश नहीं होने से किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें साफ दिखाई दे रही हैं। क्योंकि उनकी फसल बारिश के बिना सूखने लगी हैं। कृषि विभाग के कार्यवाहक संयुक्त निदेशक लीलाराम जाट ने बताया कि बारिश नहीं होने का असर बाजरे की खेती पर सबसे अधिक रहेगा। इससे चारे तथा दाना दोनों प्रभावित होगा। आगे आने वाली चने की बुवाई भी प्रभावित होगी। क्योंकि जमीन में नमी की उचित मात्रा नहीं रहेगी।

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ऐसे लग रहा करंट
जिले में जिस प्रकार से बारिश गायब हुई है उसी प्रकार आने वाली बिजली भी कम हो गई है। इससे किसानों को परेशानी होनी लगी है। क्योंकि किसानों की ओर से नलकूप के माध्यम से खरीफ फसल में भी पानी समय पर नहीं लग पा रहा है। बताया जाता है कि थ्री फेस की बिजली जिले में 24 घंटों में से केवल साढ़े चार से पांच घंटे ही मिल रही है। बाकी बिजली की कटौती रहती है। ऐसे में किसानों की सिंचाई प्रभावित हो रही है।

जिले में बारिश का आंकड़ा

माह-बारिश

जनवरी 339

फरवरी 0

मार्च 185

अप्रेल 165

जून 690

जुलाई 1939

अगस्त 79

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