
अलवर. राज्य सरकार की ओर से सोमवार को काला कानून वापस लेने को अलवरवासियों ने राजस्थान पत्रिका व आमजन की जीत बताई है। शहर के नंगली चौराहे पर शाम को विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि एकत्र हुए और सरकार की ओर से काला कानून वापस लेने पर खुशी जताते हुए गुब्बारे छोड़ एवं आतिशबाजी कर राजस्थान पत्रिका का धन्यवाद जताया। अलवर के नंगली सर्किल पर आयोजित कार्यक्रम में विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने कहा कि राजस्थान पत्रिका की मुहिम के चलते सरकार काला कानून वापस लेने पर विवश हुई है। देश में राजस्थान पत्रिका ही ऐसा एकमात्र समाचार पत्र है जो आमजन के हित और स्वतंत्रता के प्रति सदैव तत्पर रहती है, उनका कहना था कि जब भी काले कानून की चर्चा होगी तो राजस्थान पत्रिका की मुहिम लोगों को सदैव संघर्ष की याद दिलाती रहेगी। काला काूनन वापस लेने पर शाम को नंगली सर्किल पर उत्सव का माहौल हो गया। विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों ने आतिशबाजी की और गुब्बारे छोडकऱ खुशी का इजहार किया। हैल्पिंग हैंड के दीपक शर्मा ने बताया कि वे इस दौरान एक अधिकारी के खिलाफ शिकायत लेकर पहुंचे तो उनकी शिकायत दर्ज नहीं की गई, उन्होंने पत्रिका को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनका पत्रिका के प्रति विश्वास सदा बना रहेगा।
इन्होंने लिया भाग
जिला व्यापार महासंघ के अध्यक्ष रमेश जुनेजा, टिम्बर एसोसिएशन के अध्यक्ष मुकेश खंडेलवाल, बर्फानी सेवा समिति के अध्यक्ष मुकेश शर्मा, व्यापार महासंघ के महामंत्री प्रमोद विजय, चन्द्रशेखर स्मृति समारोह समिति के अध्यक्ष लोकेश शर्मा, हिन्दू महासभा से योगेन्द्र टोंगड़ा, प्रेम सैनी, प्रताप राजपूत सेवा समिति के गिर्राज सिंह नरुका, सतवीर सिंह, मत्स्य विश्वविद्यालय संघर्ष समिति के संयोजक विष्णु चावड़ा, बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल वशिष्ठ, हार्डवेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष सत्यनारायण खंडेलवाल, हैल्पिंग हैंडस के दीपक शर्मा, चारू अग्रवाल, दीपक बंजारा, अमित बैरवा, शाहरुख खान , इकबाल खान, टिम्बर एसोसिएशन के अध्यक्ष मुकेश खंडेलवाल, अमित बैरवा तथा बर्फानी सेवा समिति के अध्यक्ष मनोज शर्मा आदि थे।
Published on:
20 Feb 2018 09:06 am
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