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Breaking : राजस्थान में किसानों के कर्ज में हेराफेरी, करोड़ों रुपए खा गए अधिकारी व कर्मचारी

राजस्थान में कई सोसायटियों ने फर्जी किसानों को फसली ऋण जारी कर कर्ज माफ कर दिया और वे पैसे खुद ने रख लिए।

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अलवर

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Hiren Joshi

Jan 23, 2019

Scam In Rajasthan Kisan Karj Mafi

राजस्थान में कर्जमाफी के नाम पर किसानों से हुआ छलावा, करोड़ो रुपए खा गए अधिकारी व कर्मचारी

अलवर. किसान को फसली ऋण के नाम पर दिए जाने वाले कर्ज में अलवर जिले में मोटी हेराफेरी चली है। बहरोड़ में कई जगहों पर कॉपरेटिव सोसायटी के स्तर पर कई करोड़ रुपए हड़प लिया गया है। सैकड़ों फर्जी किसानों के नाम पर ऋण उठाया गया है। यह सोसायटी, बैंक शाखा व जिला स्तर तक के अधिकारियों की सांठगांठ से ही संभव हो सकता है। बहरोड़ के अलावा अलवर कोऑपरेटिव बैंक की सांयकालीन शाखा की डहरा सोसायटी पर भी इसी तरह लाखों रुपए का घालमेल हुआ है। जिसकी भी पिछले दिनों जांच हुई है।

बहरोड़ की तरह यहां भी डाटा एंट्री में गलती होना बताकर पल्ला झाड़ा जा रहा है। जबकि असलियत में बड़ी मिलीभगत से किसानों के नाम पर सरकारी पैसा हड़पा गया है। बहरोड़ में कारगुजारी पकड़े जाने पर पांच अधिकारी व कर्मचारियों पर निलम्बन की कार्रवाई हुई है। खुद बैंक के अधिकारियों का मानना है कि जिस तरह बहरोड़ में गड़बड़ी मिली हैं। बैंक का पैसा निजी खातों तक पहुंचा है।

दो तरह से पैसा लूटा आप भी समझें

कॉपरेटिव बैंक किसानों को फसली ऋण देता है। जिसके लिए पहले किसान को सोसायटी का सदस्य बनाया जाता है। फिर उससे कुछ हिस्सा राशि ली जाती है। इसके बाद बैंक में खाता
खुलता है। कुछ जगहों पर दूसरे किसान का आधार कार्ड लेकर उनके नाम से बैंक में खाते खुलवाए। फिर फसली ऋण लिया। जो बाद में सरकार ने माफ कर दिया। कुछ को अब पता लगा जब उसके नाम का ऋण माफ हुआ। इस तरह सैकड़ों के नाम पर लाखों रुपया उठाया है।
दूसरा बैंक की आईडी से खाते का पैसा इधर से उधर किया है। जो एनईएफटी व आरटीजीएस से दूसरों को दिया गया। जिसे उपयोग में लेकर वापस जमा करा दिया।

15 लाख रुपए बी कॉम्पोनेंट में जारी

डहरा सोसायटी को किसानों के खादबीज के लिए करीब 15 लाख रुपए बी कॉम्पोनेंट के जरिए बैंकसे जारी हुआ है। पिछले दिनों इस मामले की भी जांच हुई है। जिसमें यह पाया गया है कि डहरा सोसायटी बी कॉम्पोनेंट के तहत लाभ लेने के लिए अधिकृत नहीं है। फिर भी उसे किसानों की खेती के लिए खाद बीज के लिए ऋण जारी हुआ है।