
अम्बेडकर नगर, रेलवे मंत्रालय से काफी दिनों से चल रही बहु प्रतीक्षित मांग, जिसमें अकबरपुर जंक्शन से यात्रियों के सफर को आसान और सुविधाजनक बनाने की तैयारियां की जा रही थी| यह सपना अब पूरा होता नजर आ रहा है। भाजपा सांसद डॉ. हरिओम पांडेय की तरफ से रेल लाइनों के दोहरी करण की मांग काफी दिनों से रेलवे मंत्रालय से की जा रही थी| प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली कैबिनेट की बैठक में 12 सितम्बर को मंजूरी दे दी गई है।
रेलवे मंत्रालय की तरफ से प्रस्तावित अम्बेडकर नगर जिले के अकबरपुर रेलवे जंक्शन से फैजाबाद होते हुए बाराबंकी तक रेल लाइन के दोहरी करण की मंजूरी प्रधानमंत्री द्वारा की गई है। साथ ही इस दोहरीकरण के लिए 12 सौ करोड़ रूपये की भी मंजूरी दे दी गई। इसके अलावा अम्बेडकर नगर जिले में स्थित एनटीपीसी टाण्डा से लेकर अकबरपुर होते हुए जाफराबाद रेलवे स्टेशन तक रेल लाइन की दोहरीकरण के लिए आठ सौ 31 करोड़ रूपये की मंजूरी प्रधानमंत्री द्वारा दी गई है।
रेलवे के इस अपग्रेडेशन से होगा क्षेत्र का विकास
अकबरपुर रेलवे जंक्शन से वाराणसी और लखनऊ की तरफ आने जाने वाली गाड़ियों को सिंगल लाइन होने की वजह से यात्रा में अधिक समय लगने के साथ ही लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। पहली बार यहां से लोकसभा का चुनाव जीते भाजपा के सांसद डॉ हरिओम पांडेय ने इन रेल लाइनों को दोहरीकरण करने के साथ ही रेल स्टेशनों के अपग्रेडेशन किये जाने की मांग रेल मंत्रालय से लगातार करते चले आ रहे हैं। माना जा रहा है कि सांसद की इन्ही मांगों को प्रधानमंत्री ने पूरा किया है। इस मांग के पूरा होने के बाद इस पिछड़े क्षेत्र के हजारों लोगों को इसका सीधा फायदा होगा और लोगों की यात्रा सुगम होने के साथ ही समय की बचत भी संभव होगी।
देश की महा नवरत्न कंपनियों में शामिल बिजली उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी नेशनल थर्मल पावर कारपोरेशन लिमिटेड कंपनी का टाण्डा में स्थित पावर प्लांट के विस्तारीकरण का कार्य चल रहा है। इस पावर प्लांट में अभी तक केवल 440 मेगावाट बिजली का उत्पादन किया जाता है, लेकिन विस्तारीकरण के बाद यहां 660 मेगावाट की दो यूनिटों से बिजली का उत्पादन जल्द ही शुरू होने की सम्भावना है। यह पावर प्लांट पूर्ण रूप से कोयले से संचालित होंगे, जिसके लिए प्रतिदिन कोयले की आवश्यकता होगी। इसीलिए रेल मंत्रालय की तरफ से एनटीपीसी टाण्डा से अकबरपुर होते हुए जाफराबाद जौनपुर तक रेल लाइनों के दोहरी करण किये जाने से इस क्षेत्र में काफी विकास संभव होगा।
लोगों की ये मांगे जो अभी भी हैं प्रतीक्षा सूची में
अम्बेडकर नगर पूर्वी उत्तर प्रदेश के पिछड़े जिलों में शामिल है| जहां न तो कोई बड़े रोजगार के अवसर उपलब्ध हैं और न ही कारखाने हैं। इस जिले में लोगों की आय का जरिया खेती है। जिले के कुछ हिस्सों में कपड़ा उत्पादन का व्यवसाय किया जाता है, लेकिन यहाँ से रेलवे ट्रांसपोर्ट की कोई बेहतर सेवा न होने के कारण कपड़ा व्यवसाय अन्य बड़े शहरों की तर्ज पर नहीं हो पा रहा है।
जिले के टाण्डा रेलवे स्टेशन से पूर्व में एक यात्री द्वारा ट्रेन का संचालन किया जाता रहा है, जिसे घाटे के कारण दो दशक पहले बंद कर दिया गया और यहाँ अब केवल एनटीपीसी तक कोयला लाने वाली मालगाड़ी का ही संचालन किया जाता है। नागरिकों की काफी समय से टाण्डा से यात्री ट्रेन का संचालन किये जाने की लगातार मांग की जा रही है। सांसद डॉ. हरिओम पांडेय ने रेल मंत्रालय से टाण्डा रेलवे स्टेशन से बस्ती जंक्शन तक नई रेल लाइन बिछाने और इस पर यात्री ट्रेन चलाने की मांग की है। लोगों को उम्मीद थी कि यह मांग भी पूरी हो जायेगी, लेकिन अभी यह मांग पूरी नहीं हो सकी है। अगर टाण्डा से बस्ती को रेल लाइन से जोड़ दिया जाता है तो यह लाइन पूर्वोत्तर रेलवे के गोरखपुर जंक्शन से सीधा जुड़ जाएगा और इस रूट से मध्य और दक्षिण भारत तक आवागमन आसान हो जाएगा, जिससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
Published on:
13 Sept 2017 04:01 pm
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