School merging: सरगुजा जिले में 2055 स्कूल थे संचालित, जिनमें से 7 स्कूलों का किया गया है समायोजन, जिन स्कूलों में शिक्षक अधिक थे उन्हें कम शिक्षकों वाले स्कूलों में भेजा गया
अंबिकापुर। सरगुजा जिले में युक्तियुक्तकरण (School merging) की प्रक्रिया पूर्ण कर ली गई है। इस संबंध में कलेक्टर विलास भोस्कर ने शुक्रवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में प्रेसवार्ता का आयोजन किया। उन्होंने बताया कि शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए स्कूलों और शिक्षकों का युक्तियुक्तकरण किया जा रहा है। ऐसे विद्यालय जिसमें अधिक शिक्षक कार्यरत हैं, उनको कम शिक्षक वाले विद्यालयों में समायोजन किए जाने से सभी स्कूलों में शामिल समानुपातिक शिक्षकों की व्यवस्था होगी।
सरगुजा जिले में 3 जून को प्राइमरी स्कूल के शिक्षकों की काउंसलिंग की गई, जिसमें 302 शिक्षकों को एकल शिक्षकीय एवं शिक्षक विहीन विद्यालयों में समायोजित (School merging) किया गया। वहीं 4 जून को पूर्व माध्यमिक शाला, हाई स्कूल एवं हायर सेकेण्डरी स्कूल के 146 शिक्षक एवं व्याख्याताओं का समायोजन किया गया।
जिले के कई ऐसे हाई स्कूल एवं हायर सेकेण्डरी स्कूल जहां लम्बे समय से भौतिकी, रसायन, गणित, अंग्रेजी, जीवविज्ञान के शिक्षक नहीं थे वहां शिक्षकों के समायोजन (School merging) से जिले की शैक्षणिक व्यवस्था मजबूत होगी। इन स्कूलों में हाई स्कूल कटिंदा, सहनपुर, सरभंजा, खडग़ांव, फुलचुही, फतेहपुर, बटवाही, डांडक़ेसरा शामिल है।
संभाग के सबसे बड़े स्कूल मल्टीपर्पज अम्बिकापुर जहां लगभग 1800 दर्ज संख्या है में कुल 7 व्याख्याताओं को समायोजित किया गया। कलेक्टर ने बताया जिले में 14 प्राथमिक शालाएं शिक्षक विहीन एवं 224 शालाएं एकल शिक्षकीय हैं, इन विद्यालयों में काउंसलिंग के माध्यम से शिक्षकों की आपूर्ति कर ली गयी है।
प्राथमिक स्कूलों में 302 शिक्षक और मिडिल स्कूलों में 36 शिक्षकों की आवश्यकता थी, जिन्हें समायोजन (School merging) से पूर्ण कर लिया गया है। प्राइमरी स्कूलों में 139 एवं पूर्व माध्यमिक शालाओं में 287 शिक्षक अतिशेष हैं, जिन्हें क्रमश: काउंसिलिंग के माध्यम से समायोजित किया जाएगा। प्रेसवार्ता में जिला पंचायत सीईओ विनय अग्रवाल, एपीसी रविशंकर पांडेय उपस्थित रहे।
जिले में 7 स्कूलों का समायोजन (School merging) किया जा रहा है। 2055 स्कूलों में से 2048 स्कूल यथावत संचालित होंगे। हाई स्कूल अजिरमा में वाणिज्य विषय का व्याख्याता पदस्थ है, जबकि हाई स्कूल में वाणिज्य संचालित नहीं होता। लखनपुर कन्या हायर सेकेंडरी स्कूल में वाणिज्य के व्याख्याता पदस्थ हैं, जबकि वाणिज्य में एक भी छात्राएं अध्ययनरत नहीं हैं, उन्हें आवश्यकता वाले विद्यालयों में काउंसलिंग से भेजा गया।
कन्या हायर सेकेंडरी स्कूल लुण्ड्रा, उमावि गुमगराकला, उमावि लहपटरा, उमावि बकिरमा में अभी तक भौतिकी विषय के व्याख्याता पदस्थ नहीं थे, वहां उन्हें व्याख्याता मिले। जिला शिक्षा अधिकारी अशोक सिन्हा ने बताया कि जिले में कुल 993 अतिशेष शिक्षक हैं, जिसमें से 448 शिक्षक समायोजित (School merging) हुए तथा 545 अतिशेष शिक्षक समायोजन से शेष हैं।