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पहले मां को डसा, झटका दिया तो सो रहे बेटे के ऊपर जा गिरा सांप, मासूम को भी डसा

Snake bite: जमीन पर सोने के दौरान मां-बेटे हुए सर्पदंश (Snake bite) का शिकार, मासूम बेटे की सांप के जहर से हो गई मौत जबकि महिला का अस्पताल में चल रहा इलाज, सर्पदंश की कई घटनाओं के होने के बाद भी जागरुकता (Awareness) के अभाव में आज भी गांवों में जमीन पर सो रहे लोग
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अंबिकापुर

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Ram Prawesh Vishwakarma

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Updated: 12 May 2022, 1:44 PM IST

Snake bite

Snake

अंबिकापुर. Snake Bite: 3 दिन पूर्व एक महिला अपने मासूम बेटे के साथ जमीन में सोई थी। इस दौरान महिला को सांप ने डस लिया, उसे लगा कि हाथ पर कोई चीज बैठा है उसने झटका दिया तो सांप बगल में मेे रहे उसके बेटे के ऊपर भी जा गिरा। इसके बाद सांप ने मासूम को भी डस (Snake bite also son) लिया। दोनों को स्थानीय अस्पताल से रेफर किए जाने के बाद मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंबिकापुर (Medical College hospital Ambikapur) में भर्ती कराया गया। यहां इलाज के दौरान बालक की मौत हो गई। जबकि मां की स्थिति गंभीर बनी हुई है। मासूम की मौत से उसके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।


रायगढ़ जिले के कापू थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम कदमढोढ़ी निवासी बसंती खेस पति संगरू राम खेस 7 मई की रात को जमीन में बिस्तर लगाकर अपने 8 वर्षीय मासूम बेटे रॉबिन खेस के साथ सोई थी। 8 मई की अल सुबह करीब ३ बजे एक विषैला सांप बिस्तर पर चढ़ गया।

सांप ने पहले मां के हाथ में डसा, मां ने हाथ को झटका दिया तो सांप बच्चे के पास चला गया और उसे भी डस लिया। सांप को देखकर महिला से शोर मचाया तो पति व अन्य परिजन वहां पहुंचे। महिला ने सांप द्वारा उसे और बेटे को डसे जाने की जानकारी दी गई तो उनके होश उड़ गए।

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मासूम से अस्पताल में तोड़ा दम, मां गंभीर
सांप डसने की घटना के बाद परिजनों द्वारा मां-बेटे को इलाज के लिए कापू अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां डॉक्टरों ने दोनों की स्थिति गंभीर देखते हुए अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। इसके बाद परिजन दोनों को लेकर अंबिकापुर पहुंचे। यहां इलाज के दौरान 9 मई की सुबह बच्चे की मौत हो गई। जबकि मां का इलाज चल रहा है।


जागरुकता का अभाव
गांवों से हर साल सैकड़ों सर्पदंश की घटनाएं सामने आती हैं। इनमें से अधिकांश घटनाएं जमीन पर सोने के दौरान होती हैं। गरीबी के साथ ही जागरुकता (Awareness) के अभाव में आज भी गांवों में लोग खटिया व पलंग पर सोने की जगह जमीन पर सोते हैं। ऐसे में वे कई बार सर्पदंश का शिकार हो जाते हैं।

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