
MLA reached to meet injured
सूरजपुर. प्रतापपुर विकासखंड के ग्राम पहिया में कीटनाशक डालने से विषाक्त हो चुके कुरथी के दाल के सेवन से मां-बेटे की मौत हो गई। वहीं पति व बेटी गंभीर हो गए। उनका उपचार प्रतापपुर अस्पताल में जारी है। बताया जा रहा है कि आदिवासी परिवार ने पिछले एक साल से कुरथी का बीज बोने के लिए रखा था।
बीज खराब न हो इसलिए उन्होंने उसमें कीटनाशक का छिड़काव भी कर दिया था। इसी बीच रविवार की रात उन्होंने दाल बनाकर खा ली और उनकी तबीयत बिगड़ गई। घटना की सूचना मिलते ही पूर्व विधायक भी मृतक के घर पहुंचे। उन्हें घरवालों ने अपनी व्यथा सुनाई।
सूरजपुर जिले के प्रतापपुर विकासखंड स्थित ग्राम पहिया निवासी 45 वर्षीय सुमन राम सिंह गोंड़ ने घर में गत वर्ष कुरथी के बीज में बीएससी कीटनाशक मिलाकर रखा था ताकि वो खराब न हो। कुछ दिनों पूर्व उसने कुरथी के बीज को खेत में बो दिया था। जो बीज बच गया था, उसे धोने के बाद रविवार की रात दाल बनाकर पूरे परिवार ने सेवन किया। इसके बाद सभी सोने चले गए। देर रात लगभग 3 बजे सुमन राम, उसकी पत्नी 40 वर्षीय उर्मिला, बेटे 10 वर्षीय सुखराम व बेटी 15 वर्षीय सरिता की तबीयत बिगडऩे लगी।
इसके बाद सभी उल्टियां करने लगे। घर में हो-हल्ला होने लगा। सभी एक-दूसरे का हाल पूछ ही रहे थे कि इसी बीच उर्मिला ने घर में ही दम तोड़ दिया। वहीं गंभीर स्थिति में पति, बेटे व बेटी को निजी वाहन से प्रतापपुर अस्पताल में भर्ती कराया गया। इधर अस्पताल पहुंचते ही सुखराम की मौत हो गई। डॉक्टरों ने जांच पश्चात उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं सुमन राम व उसकी बेटी सरिता का उपचार अस्पताल में जारी है। डॉक्टरों ने उनकी हालत खतरे से बाहर बताई है। एक साथ मां-बेटे की मौत से घर व गांव में मातम पसर गया है।
पूर्व विधायक पहुंचे मिलने
घटना की सूचना मिलते ही प्रतापपुर क्षेत्र के पूर्व विधायक डा. पे्रमसाय सिंह मृतक के परिजनों से मिलने अस्पताल में पहुंचे। यहां भर्ती पीडि़त ने उन्हें अपनी व्यथा सुनाई। बताया जा रहा है कि मृत मां-बेटे का पीएम करने शाम को डॉक्टर पहुंचे। इसे लेकर ग्रामीणों में नाराजगी देखी गई।
Published on:
11 Sept 2017 10:39 pm
बड़ी खबरें
View Allअंबिकापुर
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
